खामेनेई की विदाई पर मंच से खुला आह्वान-'' अब ट्रंप को मार डालो, दुनिया का सबसे दुष्ट यह व्यक्ति जिंदा क्यों है?''(Video)
punjabkesari.in Sunday, Jul 05, 2026 - 11:53 AM (IST)
International Desk: ईरान के दिवंगत सर्वोच्च नेता अयातुल्ला अली खामेनेई के अंतिम संस्कार के दौरान तेहरान में रविवार को लाखों लोगों की भीड़ के सामने प्रस्तुति देने वाले एक कवि ने अमेरिका के राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप को मार डालने का आह्वान किया। अंतिम संस्कार से जुड़े कार्यक्रम में ट्रंप को मार डालने का मंच से पहली बार सीधा आह्वान किया गया है। इस कार्यक्रम में ट्रंप एवं इजराइल के प्रधानमंत्री बेंजामिन नेतन्याहू को मार डालने की मांग वाले पोस्टर भी लगाए गए और दीवारों पर ऐसे नारे लिखे गए। कवि मोहम्मद रसूली ने भीड़ से ''अमेरिका मुर्दाबाद'' और ''इजराइल मुर्दाबाद'' के नारे लगवाए। रसूली ने अंतिम संस्कार के दौरान लाउडस्पीकर से भीड़ को संबोधित करते हुए ट्रंप का जिक्र किया और पूछा, ''दुनिया का सबसे दुष्ट व्यक्ति अब तक जीवित क्यों है?'' उनके इस सवाल पर भीड़ ने उत्साह जताया।
Moments from a poetry recitation before the funeral prayer for the “Martyred Leader of Iran”:
Shortly before the funeral prayer at Imam Khomeini Musalla in Tehran, poet Mohammad Rasouli recited the following verses:
“Why should we not kill the one who killed my Imam? pic.twitter.com/dfuOtRlMep
— Zaynabi Resistance (@zainab_mirza28) July 5, 2026
रसूली ने जब कहा कि ''अब इस दुनिया में ट्रंप के लिए कोई जगह नहीं है,'' तो इस बात पर भी भीड़ ने उनका समर्थन किया। बाद में 97 वर्षीय शिया धर्मगुरु अयातुल्ला जाफर सोभानी ने तेहरान के 'ग्रैंड मुसल्ला' में खामेनेई और उनके दिवंगत परिजनों के लिए नमाज की अगुवाई की और दुआ पढ़ी। इस मौके पर खामेनेई के बेटे मसूद, मेसम और मुस्तफा के अलावा ईरान के राष्ट्रपति मसूद पेजेश्कियन, संसद के अध्यक्ष मोहम्मद बाघेर गालिबाफ और रेवोल्यूशनरी गार्ड के प्रमुख जनरल अहमद वाहिदी मौजूद थे। विदेशों में अभियान चलाने वाली 'रेवोल्यूशनरी गार्ड' की 'कुद्स फोर्स' के प्रमुख इस्माइल कानी भी इस दौरान मौजूद थे। हालांकि, ईरान के नए सर्वोच्च नेता और खामेनेई के एक अन्य बेटे अयातुल्ला मुजतबा खामेनेई कार्यक्रम में शामिल नहीं हुए। माना जाता है कि वह अमेरिका और इजराइल के हमले में घायल होने के बाद से छिपे हुए हैं। इजराइल उन्हें भी मार डालने की धमकी दे चुका है।
रविवार को अंतिम संस्कार में एक दिन पहले की तुलना में कहीं अधिक लोग शामिल हुए। काले कपड़े पहने शोकाकुल लोग खामेनेई के सम्मान में बैनर और झंडे लेकर आयोजन स्थल पहुंचे। कुछ बैनरों में ट्रंप को मार डालने का आह्वान भी किया गया था। इस बीच, अमेरिका के राष्ट्रपति ट्रंप ने देश की स्थापना की 250वीं वर्षगांठ के अवसर पर वाशिंगटन में भाषण देते हुए कहा, ''हमें जबरदस्त सफलता मिली है। वेनेजुएला को देखिए, ईरान को देखिए। हमने उन्हें मिटा दिया, उनकी सेना को खत्म कर दिया।'' खामेनेई ने कई दशकों तक ईरान पर शासन किया था। वह ईरान युद्ध की शुरुआत में 28 फरवरी को हुए हवाई हमले में मारे गए थे। वह 86 वर्ष के थे।
Iranians chant "Death to America" during the farewell ceremony for late Supreme Leader Ali Khamenei. pic.twitter.com/elmpH6JfGh
— Clash Report (@clashreport) July 4, 2026
अली खामेनेई का अंतिम संस्कार देश की धर्मतांत्रिक व्यवस्था और नए सर्वोच्च नेता एवं उनके बेटे अयातुल्ला मुजतबा खामेनेई के लिए समर्थन बढ़ाने का अवसर बन सकता है। यह ऐसे समय में महत्वपूर्ण है, जब युद्ध को स्थायी रूप से समाप्त करने के लिए अमेरिका के साथ बातचीत में ईरान होर्मुज जलडमरूमध्य पर अपने नियंत्रण का लाभ उठाने की कोशिश कर रहा है। इस बीच, यह आशंका भी बनी हुई है कि इजराइल फिर हमला कर सकता है। युद्ध के कारण अंतिम संस्कार में देरी हुई और अंतिम संस्कार पूरा होने तक वार्ता रोक दी गई है।
