Gold News: गोल्ड खरीदने से पहले जान लें नया बदलाव, हॉलमार्किंग चार्ज में हुई बढ़ोतरी, जानें ग्राहकों पर कितना असर?

punjabkesari.in Wednesday, Sep 16, 2026 - 01:18 PM (IST)

नई दिल्लीः अगर आप सोना खरीदने की योजना बना रहे हैं तो हॉलमार्किंग से जुड़ी यह खबर आपके काम की है। गोल्ड ज्वैलरी और अन्य आर्टिकल्स की हॉलमार्किंग की फीस 66.7 फीसदी बढ़ा दी गई है। दर के अनुसार, अब प्रति आइटम हॉलमार्किंग के लिए ₹45 की जगह ₹75 चार्ज किया जाएगा। ये नई दरें 14 सितंबर से लागू हो चुकी हैं।

हॉलमार्किंग सोने और चांदी जैसी कीतमती धातुओं की शुद्धता की जांच का एक तरीका है। हॉलमार्क वाले आभूषण पर निर्धारित निशान और नंबर दर्ज होता है, जिससे ग्राहक को उसकी शुद्धता से जुड़ी जानकारी मिलती है। भारत में हॉलमार्किंग की व्यवस्था BIS (भारतीय मानक ब्यूरो) के तहत होती है।

हालांकि, राहत की बात यह है कि एक कंसाइनमेंट की न्यूनतम फीस में कोई बदलाव नहीं किया गया है। यह अभी भी ₹200 ही है।

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क्या ग्राहकों को देने होंगे ₹30 ज्यादा?

हॉलमार्किंग फीस में ₹30 प्रति आइटम की बढ़ोतरी हुई है लेकिन इसका यह मतलब नहीं है कि हर ग्राहक के बिल में सीधे ₹30 जुड़ जाएंगे। हॉलमार्किंग का खर्च ज्वैलर खुद वहन कर सकता है या इसे ग्राहक से वसूलने के लिए कीमत में शामिल कर सकता है। इसलिए इसका वास्तविक असर ज्वैलर की कीमत तय करने की नीति पर निर्भर करेगा।

मान लीजिए किसी ज्वैलर को 50 सोने के आभूषणों की हॉलमार्किंग करानी है। पुरानी दर ₹45 प्रति आइटम के हिसाब से कुल खर्च ₹2,250 आता था। नई दर ₹75 होने पर यही खर्च ₹3,750 हो जाएगा यानी 50 आभूषणों पर ज्वैलर का कुल हॉलमार्किंग खर्च ₹1,500 बढ़ जाएगा।

कैसे लिया जाता है हॉलमार्किंग चार्ज?

BIS के मुताबिक, हॉलमार्किंग का चार्ज जेवर के वजन के आधार पर नहीं बल्कि प्रति आइटम लिया जाता है। इसलिए एक ही आइटम का वजन कम या ज्यादा होने से चार्ज में बदलाव नहीं होता है। हॉलमार्किंग की फीस सोने की कीमत और मेकिंग या वेस्टेज चार्ज से अलग होती है। इसमें गहना बनाने का खर्च शामिल नहीं होता।

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पहले भी हुए बदलाव

BIS के हॉलमार्किंग नियम पहली बार 14 जून 2018 को जारी किए गए थे। इसके बाद इनमें कई बार बदलाव हुए। पहला संशोधन 12 अक्टूबर 2018 को किया गया और इसके बाद 27 अक्टूबर 2021 और 4 मार्च 2022 को नियमों में बदलाव हुआ। अब 14 सितंबर 2026 को किया गया संशोधन इस नियम में चौथा बदलाव है। 


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Content Writer

jyoti choudhary

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