Ranchi Plane Crash: खराब मौसम बना काल! रूट बदलने की मांग के बाद भी क्यों हुआ रांची प्लेन क्रैश? जानें क्या थी बड़ी चूक
punjabkesari.in Tuesday, Feb 24, 2026 - 09:03 AM (IST)
Ranchi Plane Crash : झारखंड के चतरा जिले से एक बेहद दुखद खबर सामने आई है। सोमवार (23 फरवरी 2026) की रात रांची से दिल्ली जा रही एक एयर एम्बुलेंस क्रैश हो गई। इस भीषण हादसे में विमान में सवार सभी 7 लोगों की जान चली गई। अधिकारियों के अनुसार विमान ने खराब मौसम के चलते रास्ता बदलने की अनुमति मांगी थी लेकिन उसके कुछ ही देर बाद विमान का संपर्क रडार से टूट गया। जानें क्या थी बड़ी चूक?
जानिए हादसे की पूरी कहानी
विमान (बीचक्राफ्ट C90) ने रांची के बिरसा मुंडा एयरपोर्ट से शाम 7:11 बजे उड़ान भरी थी। शाम करीब 7:34 बजे झारखंड के चतरा जिले के घने इलाके में यह दुर्घटनाग्रस्त हो गया। दुर्घटनाग्रस्त विमान का रजिस्ट्रेशन नंबर VT-AJV है। इसे दिल्ली की कंपनी 'रेडबर्ड एयरवेज प्राइवेट लिमिटेड' ऑपरेट कर रही थी। वाराणसी से करीब 100 समुद्री मील (NM) दक्षिण-पूर्व में विमान का कोलकाता ATC से संपर्क टूट गया। पायलट ने खराब मौसम के कारण रूट बदलने की गुजारिश की थी जो इस हादसे की मुख्य वजह मानी जा रही है।

हादसे के शिकार लोग
मृतकों में मरीज संजय कुमार (41), डॉक्टर विकास कुमार गुप्ता, पैरामेडिकल स्टाफ सचिन मिश्रा, दो अटेंडेंट अर्चना देवी व धुरु कुमार और दो पायलट विवेक विकास भगत व सवरजदीप सिंह शामिल हैं। मरीज संजय कुमार गंभीर रूप से झुलसे हुए थे और उन्हें इलाज के लिए दिल्ली ले जाया जा रहा था। रेडबर्ड एयरवेज की शुरुआत 2018 में अक्षय कुमार ने की थी। इसे 2019 में चार्टर और एयर एम्बुलेंस उड़ाने का लाइसेंस मिला था। कंपनी दावा करती है कि उनके पास अत्याधुनिक जीवन रक्षक उपकरण मौजूद हैं।
सुरक्षा पर सवाल
इस साल जनवरी में महाराष्ट्र के बारामती में हुए लियरजेट क्रैश (जिसमें डिप्टी सीएम अजीत पवार समेत 5 की मौत हुई थी) के बाद यह दूसरा बड़ा हादसा है। इसने प्राइवेट चार्टर और एयर एम्बुलेंस की सुरक्षा पर गंभीर सवाल खड़े कर दिए हैं।

जांच और संभावित कारण
रांची एयरपोर्ट के डायरेक्टर विनोद कुमार के मुताबिक प्राथमिक तौर पर खराब मौसम हादसे की वजह लग रहा है लेकिन विमान में तकनीकी खराबी की आशंका से भी इनकार नहीं किया जा सकता। नागरिक उड्डयन महानिदेशालय (DGCA) ने मामले की उच्च स्तरीय जांच के आदेश दिए हैं।

एविएशन सेक्टर में बढ़ता डर
पिछले कुछ महीनों में चार्टर्ड विमानों के साथ हुई दुर्घटनाओं ने मुसाफिरों की चिंता बढ़ा दी है। DGCA फिलहाल सभी नॉन-शेड्यूल्ड ऑपरेटरों (NSOP) का स्पेशल ऑडिट कर रहा है। जानकारों का मानना है कि प्राइवेट जेट्स और एयर एम्बुलेंस के लिए नियमों को और सख्त करने की जरूरत है ताकि भविष्य में ऐसे जानलेवा हादसों को रोका जा सके।
