38 देशों में बेची जा रही उत्तर प्रदेश में बनी शराब... 2026 तक निर्यात 100 करोड़ लीटर से पार हो जाएगा
punjabkesari.in Thursday, Aug 28, 2025 - 06:09 PM (IST)

नेशनल डेस्क: उत्तर प्रदेश अब सिर्फ कृषि या उद्योग के लिए ही नहीं बल्कि शराब उद्योग में भी एक बड़ा नाम बन रहा है। हाल ही में पीटीआई की एक रिपोर्ट के मुताबिक उत्तर प्रदेश डिस्टिलरी एसोसिएशन ने बताया है कि अगर इसी तरह विकास होता रहा तो 2026 तक राज्य में शराब का निर्यात 1000 मिलियन लीटर (100 करोड़ लीटर) से ज़्यादा हो जाएगा। ये आंकड़े साफ बताते हैं कि शराब उद्योग यूपी की अर्थव्यवस्था के लिए कितना ज़रूरी होता जा रहा है। आज उत्तर प्रदेश में बनी शराब 38 देशों में बेची जा रही है।
पिछले 5 सालों से में हुई ग्रोथ
उत्तर प्रदेश ने पिछले पांच सालों में शराब उत्पादन और निर्यात में कमाल की तरक्की की है। बता दें कि साल 2017-18 में राज्य में सिर्फ 61 डिस्टिलरी थीं, जो लगभग 170 अरब लीटर शराब बनाती थीं। इसके बाद 2022-23 तक यह संख्या बढ़कर 85 डिस्टिलरी हो गई, जो 348 अरब लीटर का उत्पादन कर रही हैं। इसके अलावा सिर्फ एक साल में 18 नई डिस्टिलरियां शुरू की गई और 20 और बन रही हैं। इन बढ़ते आंकड़ों से अंदाजा अंदाजा लगाया जा सकता है कि यह उद्योग कितनी तेज़ी से बढ़ रहा है।
निर्यात में 155% की बढ़ोतरी
उत्पादन के साथ-साथ यूपी शराब के निर्यात में भी आगे बढ़ रहा है। 2017-18 में सिर्फ 292 मिलियन लीटर शराब विदेशों में भेजी गई थी। लेकिन 2022-23 में यह आँकड़ा 743 मिलियन लीटर तक पहुंच गया, जो करीब 155% की बढ़ोतरी है।
आज उत्तर प्रदेश में बनी शराब 38 देशों में बेची जा रही है, जिससे राज्य को विदेशी मुद्रा मिल रही है और लोगों को नौकरी के नए अवसर भी मिल रहे हैं।
इस तरक्की के पीछे सरकार की नीतियां भी एक बड़ी वजह हैं। ई-गवर्नेंस और सिंगल विंडो क्लियरेंस जैसी सुविधाओं से नए निवेशकों के लिए कारोबार करना आसान हो गया है। इसके साथ ही, एक्स्ट्रा न्यूट्रल अल्कोहल (ENA) के निर्यात शुल्क में कमी से भी व्यापार को काफी फायदा हुआ है।
‘मेड इन यूपी’ बन गया ग्लोबल ब्रांड
एसोसिएशन और एपीडा (APEDA) मिलकर 'मेड इन यूपी' के नाम से एक अभियान चला रहे हैं। इसकी वजह से विदेशी बाज़ारों में यूपी की शराब की पहचान मज़बूत हुई है। अब दुनिया भर में 'मेड इन यूपी' टैग वाली शराब की मांग बढ़ रही है। जानकारों का कहना है कि अगर यही रफ्तार रही, तो 2026 तक राज्य का शराब निर्यात 100 करोड़ लीटर को पार कर जाएगा।