Colon Cancer Symptoms: सावधान! पेट की इन 5 समस्याओं को न करें नजरअंदाज, हो सकते हैं 'कोलन कैंसर' के शुरुआती संकेत
punjabkesari.in Saturday, Apr 11, 2026 - 09:22 AM (IST)
Health News: आजकल की भागदौड़ भरी जिंदगी और बिगड़ते खान-पान के कारण पेट से जुड़ी समस्याएं आम हो गई हैं। लेकिन क्या आप जानते हैं कि पेट की मामूली दिखने वाली गड़बड़ी असल में कोलन कैंसर (Colon Cancer) का संकेत हो सकती है? कोलन कैंसर, जिसे आंतों का कैंसर भी कहा जाता है, की शुरुआत बड़ी आंत में ट्यूमर बनने से होती है। अगर इसे शुरुआती स्टेज पर पहचान लिया जाए, तो इलाज काफी आसान हो जाता है। आइए जानते हैं शरीर द्वारा दिए जाने वाले वो रेड सिग्नल, जिन्हें भूलकर भी अनदेखा नहीं करना चाहिए।
1. टॉयलेट जाने की आदतों में अचानक बदलाव
अगर आपका पेट अचानक से असामान्य व्यवहार करने लगा है, तो सतर्क हो जाएं।
- लगातार कई दिनों तक डायरिया (Diarrhea) या दस्त रहना।
- हफ्तों तक कब्ज (Constipation) की समस्या बने रहना।
- मल (Stool) के आकार या बनावट में बदलाव आना।
2. मल में खून आना (Rectal Bleeding)
आंतों में ट्यूमर होने पर अंदरूनी रक्तस्राव हो सकता है। यह कोलन कैंसर का सबसे प्रमुख लक्षण है।
- मल का रंग गहरा लाल या काला दिखना।
- मलत्याग के दौरान खून आना। इसे अक्सर लोग पाइल्स (बवासीर) समझकर नजरअंदाज कर देते हैं, जो खतरनाक हो सकता है।
3. पेट पूरी तरह साफ न होना
क्या आपको मलत्याग के बाद भी ऐसा महसूस होता है कि पेट ठीक से खाली नहीं हुआ है? अगर फ्रेश होने के तुरंत बाद दोबारा टॉयलेट जाने की इच्छा होती है, तो यह आंतों में किसी रुकावट या ट्यूमर का इशारा हो सकता है।
4. बिना कारण तेजी से वजन गिरना
बिना किसी डाइट या जिम के अगर आपका वजन अचानक कम होने लगे, तो यह चिंता का विषय है। कैंसर कोशिकाएं शरीर की ऊर्जा का इस्तेमाल करने लगती हैं, जिससे वजन तेजी से घटता है।
5. लगातार थकान और कमजोरी
भरपूर नींद और अच्छे खाने के बावजूद अगर आप हर वक्त थका हुआ महसूस करते हैं, तो यह शरीर के अंदर पनप रही बीमारी का संकेत हो सकता है। आंतों से होने वाली ब्लीडिंग के कारण शरीर में खून की कमी (Anemia) हो जाती है, जिससे कमजोरी बढ़ती है।
डॉक्टर की सलाह कब लें?
यदि आपको ऊपर दिए गए लक्षणों में से कोई भी 2-3 लक्षण लगातार महसूस हो रहे हैं, तो बिना देरी किए Gastroenterologist (पेट रोग विशेषज्ञ) से मिलें। समय पर की गई जांच जैसे 'कोलोनोस्कोपी' आपकी जान बचा सकती है।
