Unknown Virus Alert: रहस्यमयी बीमारी से कोहराम! इस राज्य में 5 दिन में पांच मासूमों की मौत से मचा हड़कंप
punjabkesari.in Tuesday, Apr 07, 2026 - 11:00 AM (IST)
नेशनल डेस्क। राजस्थान के नए बने जिले सलूम्बर के लसाड़िया ब्लॉक में एक अज्ञात और रहस्यमयी बीमारी ने मातम पसरा दिया है। घाटा और लालपुरा गांवों में महज पांच दिनों के भीतर 2 से 4 साल की उम्र के पांच बच्चों की मौत हो गई है। इस घटना ने न केवल ग्रामीणों को झकझोर दिया है बल्कि जयपुर से लेकर उदयपुर तक के प्रशासनिक महकमे में हड़कंप मचा दिया है।
बिजली की रफ्तार से फैल रही बीमारी
मृतक बच्चों की पहचान दीपक (4), सीमा (4), लक्ष्मण (4), काजल (2) और राहुल (4) के रूप में हुई है। परिजनों और चश्मदीदों के अनुसार, यह बीमारी बेहद घातक और तेज है। बच्चों को अचानक तेज बुखार, उल्टी, दस्त और शरीर में ऐंठन (झटके आना) की शिकायत हुई। हालत इतनी तेजी से बिगड़ी कि परिवारों को संभलने या बड़े अस्पताल ले जाने का मौका तक नहीं मिला। 1 अप्रैल को दो बच्चों ने दम तोड़ा, जबकि 5 अप्रैल को तीन अन्य मासूम काल के गाल में समा गए।
एक्शन में मुख्यमंत्री और प्रशासन
मामले की गंभीरता को देखते हुए मुख्यमंत्री भजनलाल शर्मा ने तत्काल कड़े निर्देश जारी किए हैं। उदयपुर के आरएनटी (RNT) मेडिकल कॉलेज से सीनियर डॉक्टरों की एक विशेष टीम सलूम्बर भेजी गई है। मेडिकल टीमें गांव के हर घर में जाकर बच्चों की स्क्रीनिंग कर रही हैं। संदिग्ध लक्षण वाले बच्चों के ब्लड और पानी के सैंपल लिए गए हैं।
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मुख्य सचिव की समीक्षा
मुख्य सचिव वी. श्रीनिवास ने उच्चस्तरीय बैठक कर मौतों के कारणों का जल्द खुलासा करने और प्रभावित इलाकों में स्वास्थ्य सुविधाओं को 'वॉर फुटिंग' पर मजबूत करने के निर्देश दिए हैं।
क्या हो सकती है वजह?
हालांकि स्वास्थ्य विभाग अभी अंतिम रिपोर्ट का इंतजार कर रहा है लेकिन शुरुआती तौर पर इसे वायरल संक्रमण (Viral Infection) या दूषित पेयजल से जुड़ी कोई मौसमी बीमारी माना जा रहा है। इलाके में मच्छरों के नियंत्रण और सैनिटाइजेशन पर जोर दिया जा रहा है ताकि संक्रमण और न फैले।
ग्रामीणों में डर, प्रशासन की अपील
गांवों में सन्नाटा पसरा है और लोग अपने बच्चों को घर से बाहर निकालने में डर रहे हैं। सलूम्बर जिला कलेक्टर ने खुद प्रभावित गांवों का दौरा कर स्थिति का जायजा लिया है। स्वास्थ्य विभाग ने ग्रामीणों से अपील की है कि बच्चों को हल्का बुखार या उल्टी होने पर भी इसे नजरअंदाज न करें। तुरंत नजदीकी स्वास्थ्य केंद्र (CHC/PHC) पर डॉक्टर को दिखाएं। पीने के पानी को उबालकर पिएं और आसपास सफाई रखें।
