Vastu Tips for Basant Panchami 2026 : घर की इस दिशा में रखें पीले फूल, मिलेगा भरपूर आशीर्वाद

punjabkesari.in Thursday, Jan 22, 2026 - 02:09 PM (IST)

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Vastu Tips for Basant Panchami : माघ मास की शुक्ल पक्ष की पंचमी तिथि को मनाया जाने वाला बसंत पंचमी का त्योहार हिंदू धर्म में विशेष महत्व रखता है। साल 2026 में यह पर्व 23 जनवरी, शुक्रवार को मनाया जाएगा। यह दिन विद्या की देवी मां सरस्वती की आराधना और वसंत ऋतु के स्वागत का प्रतीक है। वास्तु शास्त्र के अनुसार, बसंत पंचमी के दिन किए गए कुछ विशेष उपाय और दिशाओं का सही चयन न केवल घर में सकारात्मक ऊर्जा लाता है बल्कि बच्चों की शिक्षा, करियर और आर्थिक समृद्धि में भी अपार सफलता दिलाता है। आइए जानते हैं कि इस दिन घर की किस दिशा में पीले फूल रखने चाहिए और अन्य वास्तु टिप्स क्या हैं।

Vastu Tips for Basant Panchami 2026

पीले फूलों के लिए सबसे शुभ दिशा
बसंत पंचमी में पीले रंग का विशेष महत्व है क्योंकि यह ज्ञान, ऊर्जा और नई शुरुआत का प्रतीक है।  वास्तु के अनुसार ईशान कोण देवताओं की मानी जाती है। बसंत पंचमी के दिन इस कोने में ताजे पीले गेंदे या सूरजमुखी के फूल रखने से घर में सुख-शांति आती है और मानसिक स्पष्टता बढ़ती है। यह कुबेर देव की दिशा है। यदि आप अपने करियर या व्यापार में तरक्की चाहते हैं, तो ड्राइंग रूम या लिविंग एरिया की उत्तर दिशा में पीले फूल सजाएं। इससे धन के आगमन के रास्ते खुलते हैं। घर के बीचों-बीच पीले फूलों का गुलदस्ता या फूलों की रंगोली बनाने से परिवार के सदस्यों के बीच आपसी तालमेल और प्रेम बढ़ता है।

मां सरस्वती की मूर्ति की स्थापना और दिशा
बसंत पंचमी पर सरस्वती पूजा मुख्य होती है। वास्तु के नियम कहते हैं कि मां सरस्वती की मूर्ति या तस्वीर हमेशा उत्तर-पूर्व या पूर्व दिशा में स्थापित करनी चाहिए। पूजा करते समय आपका मुख पूर्व या उत्तर दिशा की ओर होना चाहिए। मूर्ति बैठते हुए मुद्रा में होनी चाहिए क्योंकि यह एकाग्रता और स्थिरता का प्रतीक है। मां सरस्वती के पास एक सफेद या पीले रंग का कपड़ा जरूर बिछाएं।

Vastu Tips for Basant Panchami 2026

विद्यार्थियों के लिए विशेष वास्तु उपाय
विद्यार्थियों के लिए यह दिन अक्षय फल देने वाला माना जाता है। अपनी किताबों और स्टडी टेबल को घर की उत्तर या पूर्व दिशा में रखें। पूजा के समय अपनी कलम और मुख्य किताबों को मां सरस्वती के चरणों में रखें और अगले दिन से उनका उपयोग शुरू करें। यदि बच्चा पढ़ाई में कमजोर है तो उसके स्टडी टेबल के ईशान कोण में एक छोटा सा क्रिस्टल ग्लोब या तांबे का पिरामिड रखें। पढ़ने वाले कमरे में पीले रंग के पर्दे या कुशन का प्रयोग करें। यह रंग एकाग्रता बढ़ाने में मदद करता है।

पीले रंग का जादू
बसंत पंचमी पर पीला रंग केवल परंपरा नहीं, बल्कि एक वैज्ञानिक और वास्तु सम्मत चुनाव है। पीला रंग गुरु का प्रतीक है, जो ज्ञान और भाग्य के कारक हैं। वास्तु के अनुसार पीला रंग अवसाद को दूर करता है और उत्साह का संचार करता है।  इस दिन मां को पीले चावल, केसरिया खीर या बूंदी के लड्डू का भोग लगाएं। यह घर की रसोई में बरकत लाता है।

Vastu Tips for Basant Panchami 2026
 


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Content Editor

Prachi Sharma

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