Char Dham Yatra 2026 : चारधाम यात्रा में हाईटेक सुरक्षा, 1600 CCTV कैमरों से होगी हर गतिविधि पर नजर
punjabkesari.in Monday, Mar 09, 2026 - 09:10 AM (IST)
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Char Dham Yatra 2026 : 19 अप्रैल से शुरू होने वाली चारधाम यात्रा को सुचारू और सुरक्षित ढंग से संचालित करने के लिए पुलिस विभाग ने अपनी तैयारियां तेज कर दी हैं। इस वर्ष यात्रा में श्रद्धालुओं की संख्या बढ़ने की संभावना को देखते हुए सुरक्षा, यातायात प्रबंधन और भीड़ नियंत्रण के लिए विशेष रणनीति तैयार की जा रही है। पुलिस मुख्यालय ने गढ़वाल परिक्षेत्र के पुलिस महानिरीक्षक राजीव स्वरूप की निगरानी में एक विशेष सेल का गठन किया है, जो यात्रा से जुड़े सभी इंतजामों की निगरानी करेगा।
यात्रा मार्ग और चारों धामों की सुरक्षा पर नजर रखने के लिए इस बार करीब 1600 सीसीटीवी कैमरे लगाए जाएंगे। इसके अलावा सुरक्षा व्यवस्था को मजबूत बनाने के लिए 74 वॉच एंड वार्ड पुलिस चौकियां स्थापित की जाएंगी। यात्रा मार्गों पर यात्रियों की सुविधा के लिए 106 पार्किंग स्थल बनाए जाएंगे और 31 स्थानों पर एसडीआरएफ की टीमें तैनात रहेंगी।
चारधाम यात्रा के दौरान पहाड़ी मार्गों पर दुर्घटनाओं की आशंका बनी रहती है। इसी को ध्यान में रखते हुए सुरक्षा व्यवस्था को और मजबूत किया जा रहा है। उत्तरकाशी, टिहरी, चमोली, रुद्रप्रयाग, पौड़ी, देहरादून और हरिद्वार जिलों में 51 टूरिस्ट पुलिस असिस्टेंस बूथ बनाए जाएंगे। इन बूथों पर तीर्थयात्री यात्रा से जुड़ी जानकारी प्राप्त कर सकेंगे और जरूरत पड़ने पर सहायता भी ले सकेंगे।
104 स्थानों पर बनाए जाएंगे होल्टिंग पॉइंट
यात्रा के दौरान अधिक भीड़ होने पर कई बार श्रद्धालुओं को मार्ग में रोकना पड़ता है। ऐसी स्थिति में यात्रियों को किसी प्रकार की परेशानी न हो, इसके लिए आठ जिलों में 104 होल्टिंग पॉइंट बनाए जाएंगे। इन स्थानों पर तीर्थयात्रियों के ठहरने, भोजन और रात्रि विश्राम की व्यवस्था उपलब्ध कराई जाएगी।
इसके साथ ही गढ़वाल परिक्षेत्र में 54 स्थानों पर आपदा प्रबंधन टीमें तैनात की जाएंगी, ताकि किसी भी आपात स्थिति में तुरंत राहत और बचाव कार्य शुरू किया जा सके।
स्नान घाटों पर भी रहेगी विशेष सुरक्षा
चारधाम यात्रा पर आने वाले श्रद्धालु हरिद्वार, ऋषिकेश, देवप्रयाग, मुनिकीरेती और शिवपुरी जैसे प्रमुख घाटों पर स्नान करते हैं। कई बार डूबने की घटनाओं की आशंका को देखते हुए सुरक्षा के विशेष इंतजाम किए जा रहे हैं। इसके तहत 17 स्थानों पर गोताखोर, 24 जगहों पर जल पुलिस और 7 स्थानों पर फ्लड रेस्क्यू टीमें तैनात की जाएंगी।
पैरामिलिट्री फोर्स को लेकर होगी बैठक
चारधाम यात्रा के साथ ही वर्ष 2027 में होने वाले अर्धकुंभ को ध्यान में रखते हुए भी पुलिस विभाग ने अपनी तैयारियां शुरू कर दी हैं। इस बार बड़ी संख्या में पैरामिलिट्री फोर्स की जरूरत पड़ सकती है। इसी विषय पर चर्चा के लिए बुधवार को पुलिस मुख्यालय में एक महत्वपूर्ण बैठक बुलाई गई है, जिसमें बाहरी राज्यों से अतिरिक्त सुरक्षा बल मंगाने पर विचार किया जाएगा।
