कर्मों का फल इसी जन्म में भोगना पड़ता है- कथा प्रवक्ता चित्रलेखा जी

2020-10-12T10:34:27.973

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World Sankirtan Tour: कोटवन करमन बार्डर पर स्थित गौसेवा धाम हॉस्पीटल में सप्तदिवसीय भागवत कथा का आयोजन विगत शनिवार से प्रारम्भ हुआ। जैसा की सबको विदित है मार्च महीने से ही कोरोना के वजह से सरकार द्वारा सभी प्रकार के आयोजनो पर रोक लगाई थी लेकिन अब केंद्र सरकार ने धार्मिक आयोजनो को कुछ शर्तों के साथ मंजूरी दे दी है और निम्न शर्तों को देखते हुए कथा पंडाल में सीमित संख्या में ही श्रद्धालुगण कथा में उपस्थित रहे।

PunjabKesari Bhagwat katha by devi chitralekha

Bhagwat katha by devi chitralekha: कथा व्यास देवी चित्रलेखा जी ने बताया कि प्रथम बार कृष्णलीला  कथा गोवर्धन के कुसुम सरोवर पर उद्धव जी ने कृष्ण की पटरानियों को सुनायी।
 साथ ही उन्होनें कहा कि अधिक मास में दान-पुण्य, जप-तप का प्रभाव कई गुना बढ़ जाता है।

कथा व्यास देवी चित्रलेखा जी ने बताया कि प्रथम बार कृष्ण लीला कथा गोवर्धन के कुसुम सरोवर पर उद्धव जी ने कृष्ण की पटरानियों को सुनायी। साथ ही उन्होनें कहा कि अधिक मास में दान-पुण्य, जप-तप का प्रभाव कई गुना बढ़ जाता है।

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कथा के मध्य में श्री किशोरी जू के भजनों पर समस्त भगवत प्रेमी झूमते नजर आये। इस दौरान कथा में आये श्रद्धालुओं ने गौ माताओं को हरा चारा, गुड़ आदि खिलाकर पुण्य लाभ भी कमाया। समस्त आयोजन में कोरोना के प्रोटोकोल का पूर्णतः पालन किया गया। मास्क, उचित दूरी, स्वच्छता आदि का पूरी तरह से ध्यान रखा गया।

कथा के अंत में भक्तो को प्रसाद भी वितरण किया गया।

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Niyati Bhandari

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