फ्रांस ने कट्टरपंथ पर कसी लगाम, आतंकवाद-जिहाद और हिंसा का प्रचार करने वाली मस्जिद की सील
punjabkesari.in Wednesday, Jul 29, 2026 - 06:01 PM (IST)
Paris: फ्रांस ने कट्टरपंथी इस्लामी विचारधारा के खिलाफ अपनी कार्रवाई तेज करते हुए ऑल्ने-सू-ब्वा (Aulnay-sous-Bois) स्थित अत्तक्वा (चांतेलूप) मस्जिद को छह महीने के लिए बंद करने का आदेश दिया है। प्रशासन का आरोप है कि मस्जिद में दिए गए भाषणों और सोशल मीडिया गतिविधियों के जरिए हिंसा, नफरत और आतंकवाद का समर्थन किया जा रहा था। सीन-सेंट-देनी (Seine-Saint-Denis) प्रीफेक्चर द्वारा 27 जुलाई 2026 को जारी आदेश के अनुसार मस्जिद में कथित रूप से 'काफिरों' के खिलाफ हिंसा को बढ़ावा देने वाले संदेश प्रसारित किए गए। जिहाद और शहादत (Martyrdom) का महिमामंडन किया गया।
BREAKING: France has begun shutting down radical mosques that call for the killing of “infidels,” glorify terrorism, and encourage violence.
— Eyal Yakoby (@EYakoby) July 29, 2026
This is long overdue. pic.twitter.com/rw1NFnA6ba
यही नहीं मस्जिद द्वारा आतंकवादी गतिविधियों के प्रति सहानुभूति और समर्थन जताने वाली सामग्री साझा की गई।सोशल मीडिया के माध्यम से नफरत और कट्टरपंथी विचारधारा फैलाने का आरोप लगाया गया। इन आरोपों के आधार पर फ्रांस के आंतरिक सुरक्षा संहिता (Article L.227-1) के तहत मस्जिद को छह महीने के लिए बंद करने का आदेश दिया गया। मस्जिद प्रबंधन ने प्रशासन के सभी आरोपों को खारिज करते हुए कहा है कि धार्मिक शिक्षाओं को गलत तरीके से पेश किया गया है। उन्होंने इस फैसले को चुनौती देते हुए प्रशासनिक अदालत में अपील दायर की है।
सोशल मीडिया पर कुछ पोस्ट में दावा किया गया कि फ्रांस ने एक साथ कई कट्टरपंथी मस्जिदों को बंद करना शुरू कर दिया है। हालांकि उपलब्ध आधिकारिक जानकारी के अनुसार हालिया आदेश फिलहाल केवल अत्तक्वा (चांतेलूप) मस्जिद पर लागू हुआ है। फ्रांस पहले भी चरमपंथ फैलाने के आरोपों में कई धार्मिक स्थलों की निगरानी और बंदी जैसी कार्रवाई करता रहा है। गौरतलब है कि फ्रांस पिछले कुछ वर्षों से आतंकवाद और धार्मिक कट्टरपंथ के खिलाफ सख्त नीति अपनाए हुए है। सरकार का कहना है कि अभिव्यक्ति और धार्मिक स्वतंत्रता का सम्मान किया जाएगा, लेकिन हिंसा, आतंकवाद या नफरत को बढ़ावा देने वाली गतिविधियों को बर्दाश्त नहीं किया जाएगा।
