Vimal Khanna Review: ‘विमल खन्ना’ में दिखा सुरेंद्र मोहन पाठक की कहानियों का असली जादू
punjabkesari.in Saturday, May 16, 2026 - 09:48 AM (IST)
वेब सीरीज- विमल खन्ना (Vimal Khanna)
स्टारकास्ट- सनी हिंदुजा (Sunny Hinduja), ईशा तलवार (Isha Talwar), मनजीत सिंह राठौर (Manjeet Singh Rathore) , माहिर पांधी ( Mahir Pandhi)
डायरेक्शन- अभिनव पारीक (Abhinav Pareek)
रेटिंग- 3.5*
Vimal Khanna: ओटीटी प्लेटफॉर्म Amazon MX Player पर रिलीज़ हुई वेब सीरीज़ ‘विमल खन्ना’ इन दिनों दर्शकों के बीच चर्चा का विषय बनी हुई है। मशहूर लेखक सुरेंद्र मोहन पाठक के लोकप्रिय उपन्यास ‘मौत का खेल’ पर आधारित यह सीरीज़ सस्पेंस, अपराध और रहस्य का ऐसा मिश्रण पेश करती है, जो शुरुआत से आखिर तक दर्शकों को बांधे रखता है।
प्रोडक्शन हाउस ‘नाम में क्या रखा है’ और क्रिएटिव प्रोड्यूसर पीयूष दिनेश गुप्ता व साकेत चौधरी ने इस क्लासिक कहानी को आधुनिक अंदाज़ में पेश करने की सफल कोशिश की है। सीरीज़ में पुराने दौर के थ्रिलर का स्वाद भी है और नए जमाने की तकनीकी चमक भी।

कहानी
कहानी की शुरुआत होती है विमल खन्ना से, जिस पर अपने ही भाई की हत्या का आरोप लगा हुआ है। समाज की नफरत और मौत की सजा के साए के बीच विमल अपनी बेगुनाही साबित करने के लिए मुंबई पहुंचता है। मुंबई में उसकी मुलाकात होती है 500 करोड़ की संपत्ति की मालकिन अमृता दास से। अमृता के बीमार पति की देखभाल करते हुए विमल को एहसास होता है कि खतरा सिर्फ उसके सिर पर नहीं, बल्कि उस आलीशान घर की दीवारों के भीतर भी छिपा हुआ है।
धीरे-धीरे कहानी साजिशों, धोखे और रहस्यों की परतें खोलती जाती है। हर एपिसोड के साथ नए ट्विस्ट सामने आते हैं, जो दर्शकों को लगातार अगला एपिसोड देखने पर मजबूर करते हैं। सीरीज़ का क्लाइमेक्स काफी रोमांचक है और आखिरी तक सस्पेंस बनाए रखता है।

एक्टिंग
सीरीज़ की सबसे बड़ी ताकत इसकी परफॉर्मेंस है। सनी हिंदुजा ने विमल खन्ना के किरदार को बेहद प्रभावशाली तरीके से निभाया है। उनके अभिनय में बेबसी, डर, गुस्सा और सच साबित करने का जुनून साफ दिखाई देता है। वहीं ईशा तलवार ने अमृता दास के रूप में शानदार उपस्थिति दर्ज कराई है। उनका किरदार कहानी को मजबूती देता है और स्क्रीन पर एक अलग प्रभाव छोड़ता है। इसके अलावा अक्षय आनंद और सोनल सिंह जैसे कलाकारों ने भी अपने किरदारों को पूरी गंभीरता से निभाया है। हालांकि, कुछ छोटे किरदारों को और गहराई दी जाती तो कहानी का असर और ज्यादा मजबूत हो सकता था।
विजुअल
तकनीकी रूप से ‘विमल खन्ना’ काफी मजबूत सीरीज़ साबित होती है। मुंबई की सड़कों से लेकर आलीशान बंगलों तक हर लोकेशन को सिनेमेटोग्राफी के जरिए बेहद खूबसूरती से फिल्माया गया है। साउंड डिजाइन और बैकग्राउंड म्यूजिक कहानी के तनाव और रहस्य को और ज्यादा असरदार बनाते हैं। प्रोडक्शन डिजाइन में बारीकियों पर खास ध्यान दिया गया है, जिसकी वजह से पूरा माहौल बेहद वास्तविक महसूस होता है।

डायरेक्शन
निर्देशक अभिनव ने कहानी को गंभीर और थ्रिलिंग टोन में पेश करने का अच्छा काम किया है। उन्होंने कलाकारों से बेहतरीन अभिनय निकलवाया और सीरीज़ के सस्पेंस को लगातार बनाए रखा। हालांकि, कुछ जगहों पर कहानी की रफ्तार थोड़ी धीमी महसूस होती है और कई सहायक किरदारों को पर्याप्त डेप्थ नहीं मिल पाती। अगर इन पहलुओं पर थोड़ा और काम किया जाता, तो यह सीरीज़ एक यादगार क्राइम थ्रिलर बन सकती थी।
इसके बावजूद, ‘विमल खन्ना’ एक ऐसी सस्पेंस थ्रिलर है जो अपने दमदार अभिनय, शानदार विजुअल्स और रहस्यमयी कहानी की वजह से देखने लायक बन जाती है। अगर आप सस्पेंस और क्राइम ड्रामा पसंद करते हैं, तो यह सीरीज़ आपको निराश नहीं करेगी।
