बाप रे बाप! सफाईकर्मियों का वेतन 2 लाख के पार, जानें कहां मिल रही है स्वीपर को इतनी Salary?
punjabkesari.in Thursday, Feb 26, 2026 - 02:02 PM (IST)
Telangana Government Salary Hike : तेलंगाना से एक ऐसी खबर आई है जिसने सबको हैरान कर दिया है। राज्य में पिछले एक दशक में सरकारी कर्मचारियों के वेतन में इतनी जबरदस्त बढ़ोतरी हुई है कि अब एक वरिष्ठ सफाई कर्मचारी (Sweeper) का वेतन देश के बड़े प्रशासनिक अधिकारियों और राज्यपाल से भी अधिक हो गया है।
चीफ सेक्रेटरी का चौंकाने वाला खुलासा
राज्य के मुख्य सचिव (Chief Secretary) के. रामकृष्ण राव ने बुधवार को एक कार्यक्रम के दौरान राज्य की आर्थिक स्थिति और बढ़ते खर्चों पर महत्वपूर्ण आंकड़े पेश किए। उन्होंने बताया कि 2014 में जब तेलंगाना अलग राज्य बना था तब वेतन और पेंशन का खर्च ₹1,500 करोड़ प्रति माह था। आज यह खर्च बढ़कर ₹6,000 करोड़ प्रति माह पहुंच गया है जो राज्य के राजस्व का एक बड़ा हिस्सा है।
सफाईकर्मी और ड्राइवर कैसे बने लखपति?
रिपोर्ट के अनुसार राज्य में वेतन संशोधन (Pay Revision) के नियमों के कारण वरिष्ठ कर्मचारियों की चांदी हो गई है। नगर निगम में जो कर्मचारी 25-30 साल से काम कर रहे हैं उनकी सैलरी और भत्ते मिलाकर ₹1 लाख से ₹2 लाख के बीच पहुंच गई है। ग्रेटर हैदराबाद म्युनिसिपल कॉर्पोरेशन (GHMC) में जो 2% कर्मचारी नियमित (Regular) हैं उनका औसत वेतन ₹70,000 से ज्यादा है। पावर यूटिलिटीज विभाग में हर 4 साल में वेतन बढ़ाया जाता है जिसके कारण वहां के चीफ इंजीनियर्स का वेतन ₹7 लाख प्रति माह तक पहुंच गया है।
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IAS और राज्यपाल से आगे निकले कर्मचारी
हैरानी की बात यह है कि पे-रिवीजन कमीशन द्वारा तय किए गए 'फिटमेंट परसेंटेज' और महंगाई भत्ते (DA) के कारण क्लास-4 (चतुर्थ श्रेणी) के पुराने कर्मचारियों की सैलरी अब आईएएस अधिकारियों से भी ज्यादा हो गई है। सरकारी खजाने पर इसका असर यह पड़ रहा है कि विकास कार्यों के बजाय बजट का बड़ा हिस्सा केवल वेतन और पेंशन में जा रहा है।
सैलरी बढ़ने के मुख्य कारण
बार-बार वेतन संशोधन: खासकर बिजली और नगर निगम जैसे विभागों में समय-समय पर होने वाली वेतन वृद्धि।
फिटमेंट बेनेफिट्स: पे-रिवीजन कमीशन (PRC) द्वारा बेसिक सैलरी में बड़ा उछाल देना।
चुनावी घोषणाएं: चुनावों के आसपास लोकलुभावन वेतन बढ़ोतरी के फैसलों ने इस बोझ को और बढ़ा दिया है।
