75 साल की दोस्ती पर चीन-पाकिस्तान का खुला ऐलानः "हर मुश्किल में एक-दूसरे के साथ खड़े रहेंगे
punjabkesari.in Tuesday, May 26, 2026 - 06:05 PM (IST)
International Desk: पाकिस्तान-चीन ने साझा भविष्य के निर्माण के लिए मिलकर काम करते हुए अपने द्विपक्षीय संबंधों की "दृढ़तापूर्वक रक्षा" करने और उन्हें विकसित करने पर सहमति व्यक्त की। मंगलवार को जारी एक संयुक्त बयान में यह जानकारी दी गयी। यह बयान प्रधानमंत्री शहबाज शरीफ की 23 से 26 मई तक चीन की आधिकारिक यात्रा के समापन पर आया, जो उन्होंने प्रधानमंत्री ली क्विंग के निमंत्रण पर की थी। शरीफ की यात्रा के दौरान दोनों पक्षों ने विभिन्न क्षेत्रों में सहयोग संबंधी कई दस्तावेज पर हस्ताक्षर किए। राष्ट्रपति शी जिनपिंग और प्रधानमंत्री ली क्विंग ने पाकिस्तान के प्रधानमंत्री से अलग-अलग मुलाकात की और दोनों पक्षों ने चीन-पाकिस्तान सर्वकालिक रणनीतिक सहयोग साझेदारी को और गहरा करने तथा पारस्परिक हित के अंतरराष्ट्रीय और क्षेत्रीय मुद्दों पर एक नई व्यापक समझ पर सहमति व्यक्त की।
China’s President Xi remarked to Pakistan’s Prime Minister Shehbaz Sharif at the occasion of celebrating 75 years of PAK-CHINA FRIENDSHIP:
— TAM (@Awakeningmedia1) May 25, 2026
Since we established diplomatic ties 75 years ago, China and Pakistan have understood each other, trusted each other, and supported each… pic.twitter.com/s15RpXgoAV
शरीफ ने दोनों देशों के बीच राजनयिक संबंधों की स्थापना की 75वीं वर्षगांठ के उपलक्ष्य में आयोजित समारोह में भी भाग लिया और झेजियांग प्रांत के हांगझोऊ का सफल दौरा किया। बयान में कहा गया, "75 वर्षों के राजनयिक संबंधों के दौरान, अंतरराष्ट्रीय और क्षेत्रीय परिस्थितियों में आए बदलावों के बावजूद यह मित्रता अटूट बनी रही है, और दोनों देशों ने हमेशा एक-दूसरे पर भरोसा, सम्मान और समर्थन किया है तथा कठिनाइयों और चुनौतियों के समय में एक-दूसरे के साथ खड़े रहे हैं।" इसमें आगे कहा गया है कि चीन और पाकिस्तान "नए युग में साझा भविष्य वाले चीन-पाकिस्तान समुदाय" के निर्माण में और अधिक तेजी लाने पर सहमत हुए हैं, जो चीन और उसके पड़ोसी देशों को जोड़ने वाले साझा भविष्य वाले समुदाय के निर्माण के प्रयास के लिए एक उदाहरण स्थापित करेगा।
पाकिस्तान ने एक-चीन सिद्धांत के प्रति अपनी दृढ़ प्रतिबद्धता की पुष्टि करते हुए कहा कि वह राष्ट्रीय एकीकरण के लिए चीन द्वारा किए जा रहे सभी प्रयासों का दृढ़ता से समर्थन करता है और "ताइवान की स्वतंत्रता" के किसी भी रूप का कड़ा विरोध करता है। चीन ने पाकिस्तान की राष्ट्रीय संप्रभुता, स्वतंत्रता और क्षेत्रीय अखंडता की रक्षा के लिए अपने अटूट समर्थन को दोहराया और पाकिस्तान द्वारा उसकी राष्ट्रीय सुरक्षा, स्थिरता, विकास और समृद्धि की रक्षा के प्रयासों का दृढ़ता से समर्थन किया। दोनों पक्षों ने किसी भी एकतरफा कार्रवाई का विरोध दोहराते हुए दक्षिण एशिया में शांति और स्थिरता बनाए रखने के महत्व की पुनः पुष्टि की तथा सभी लंबित विवादों को संवाद और कूटनीति के माध्यम से सुलझाने पर जोर दिया।
