कम हो जाएगी आपकी Loan EMI, आरबीआई करने जा रहा बड़ा ऐलान, जानें कब से होगा लागू
punjabkesari.in Sunday, Nov 30, 2025 - 06:19 PM (IST)
नेशनल डेस्क: कल से दिसंबर का महीना शुरू होते ही देश में कई महत्वपूर्ण बदलाव लागू होने जा रहे हैं। इन्हीं बदलावों के बीच होम लोन और ऑटो लोन लेने वालों के लिए भी बड़ी खुशखबरी की उम्मीद की जा रही है। एक्सपर्ट्स का मानना है कि महंगाई के दबाव में कमी को देखते हुए भारतीय रिज़र्व बैंक (RBI) अपनी अगली मॉनेटरी पॉलिसी में रेपो रेट में 25 बेसिस पॉइंट यानी 0.25% कटौती का ऐलान कर सकता है। यदि ऐसा हुआ, तो लोन की EMI भी कम हो जाएगी- जो करोड़ों उधारकर्ताओं के लिए राहत भरी खबर होगी।
5 दिसंबर को हो सकता है बड़ा फैसला
RBI की मॉनेटरी पॉलिसी कमेटी (MPC) की बैठक 3 दिसंबर से शुरू होगी और 5 दिसंबर यानी शुक्रवार को इसके नतीजों का ऐलान होगा। RBI गवर्नर संजय मल्होत्रा सुबह 10 बजे रेट-सेटिंग पैनल के फैसले की घोषणा करेंगे। इस बीच बाजार की नजरें इस बात पर टिकी हैं कि क्या सेंट्रल बैंक इस बार रेट कट का संकेत देगा या नहीं।
रेपो रेट कितना रह सकता है?
सेंट्रल बैंक ने पिछले साल फरवरी से रेट-ईजिंग साइकिल शुरू किया था और अगस्त तक कुल 100 बीपीएस की कटौती की। वर्तमान में रेपो रेट 5.5% है। कई एक्सपर्ट्स का अनुमान है कि RBI दिसंबर की पॉलिसी में 25 बेसिस पॉइंट की और कटौती कर सकता है, जिससे रेपो रेट घटकर 5.25% रह जाएगा। इससे लोन लेने वालों के लिए सीधे तौर पर EMI में राहत मिलेगी।
महंगाई काबू में, इसलिए उम्मीद बढ़ी
कंज्यूमर प्राइस इंडेक्स (CPI) आधारित रिटेल महंगाई पिछले दो महीनों से सरकार के तय निम्न स्तर 2% से भी नीचे है। यही वजह है कि एक्सपर्ट्स एक और रेट कट की संभावना देख रहे हैं। हालांकि, कुछ विशेषज्ञों का कहना है कि दूसरी तिमाही में 8.2% की मजबूत GDP ग्रोथ RBI को रेट कट से रोक सकती है। साथ ही फिस्कल कंसोलिडेशन, पब्लिक इन्वेस्टमेंट और GST कट जैसे सुधारों से अर्थव्यवस्था मजबूत रहने के कारण RBI सावधानी बरत सकता है।
GST में राहत का बड़ा असर दिखाई दिया
क्रिसिल के चीफ इकोनॉमिस्ट धर्मकीर्ति जोशी का कहना है कि हेडलाइन महंगाई RBI की 2–6% रेंज के निचले स्तर से नीचे जाने का बड़ा कारण खाद्य महंगाई में कमी रही। सोने को छोड़कर कोर महंगाई अक्टूबर में 2.6% रही, जिसे GST कटौती का सपोर्ट मिला। जोशी के अनुसार, दिसंबर में 25 बीपीएस रेपो रेट कट पूरी तरह संभव है क्योंकि रिटेल महंगाई में आई तेज गिरावट ने इस फैसले के लिए और जगह दी है।
HDFC Bank की रिपोर्ट में भी 25 बीपीएस रेट कट की संभावना जताई गई है, जबकि SBI की रिसर्च रिपोर्ट के मुताबिक, मजबूत GDP ग्रोथ और कम महंगाई के बावजूद RBI न्यूट्रल रुख बनाए रख सकता है। वहीं बैंक ऑफ बड़ौदा के अर्थशास्त्री मदन सबनवीस का कहना है कि फैसला बेहद करीबी होगा, और हो सकता है कि इस बार कोई बदलाव न किया जाए।
