ट्रंप को पद से हटाने की तैयारी, महाभियोग प्रस्ताव को दूसरी बार मिली मंजूरी

2021-01-14T14:33:07.343

वाशिंगटन: अमेरिका के निवर्तमान राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप की मुसीबतें बढ़ती जा रही हैं। कार्यकाल समाप्त होने में महज कुछ दिन पहले ट्रंप को पद से हटाने की तैयारी शुरू कर दी है। प्रतिनिधि सभा ने पिछले सप्ताह कैपिटल बिल्डिंग ( संसद भवन) में हुई हिंसा के मद्देनजर उनके खिलाफ महाभियोग प्रस्ताव पारित कर दिया। इसके साथ ही ट्रंप अमेरिका के इतिहास में पहले ऐसे राष्ट्रपति बन गए हैं, जिनके खिलाफ 2 बार महाभियोग चलाया जा रहा है। डेमोक्रेटिक पार्टी के नियंत्रण वाली प्रतिनिधि सभा में इस प्रस्ताव को 197 के मुकाबले 232 मतों से पारित किया था। रिपब्लिकन पार्टी के भी 10 सांसदों ने इसके समर्थन में मतदान किया। चार सांसदों ने मतदान नहीं किया।

 

इस महाभियोग प्रस्ताव में निर्वतमान राष्ट्रपति पर अपने कदमों के जरिए छह जनवरी को ‘‘ राजद्रोह के लिए उकसाने'' का आरोप लगाया गया है। इसमें कहा गया है कि ट्रंप ने अपने समर्थकों को कैपिटल बिल्डिंग (संसद भवन) की घेराबंदी करने के लिए तब उकसाया, जब वहां इलेक्टोरल कॉलेज के मतों की गिनती चल रही थी और लोगों के धावा बोलने की वजह से यह प्रक्रिया बाधित हुई। इस घटना में एक पुलिस अधिकारी समेत पांच लोगों की मौत हो गई। भारतीय मूल के चारों अमेरिकी सांसदों एमी बेरा, रो खन्ना, राजा कृष्णमूर्ति और प्रमिला जयपाल ने महाभियोग के समर्थन में मतदान किया। इससे पहले, प्रतिनिधि सभा ने मंगलवार को एक प्रस्ताव पारित करके देश के निवर्तमान उपराष्ट्रपति माइक पेंस से अपील की थी कि वह निवर्तमान राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप को पद से हटाने के लिए 25वां संशोधन लागू करें।

 

इस प्रस्ताव को मंगलवार को 205 के मुकाबले 223 मतों से पारित किया गया था। यह संशोधन अमेरिका के पूर्व राष्ट्रपति जॉन एफ केनेडी की हत्या के मद्देनजर 50 साल से अधिक समय पहले पारित किया गया था। यदि कोई व्यक्ति राष्ट्रपति पद पर सेवा देने के लिए उपयुक्त नहीं रह जाता, तो उसकी जगह किसी और की नियुक्त किए जाने का प्रावधान करने के लिए इस संशोधन का उपयोग किया जाता है। महाभियोग प्रस्ताव को अब सीनेट में भेजा जाएगा, जो ट्रंप को पद से हटाने के लिए सुनवाई करेगी और मतदान करेगी। सीनेट 19 जनवरी तक के लिए स्थगित है। इसके एक दिन बाद 20 जनवरी को जो बाइडेन अमेरिका के 46वें राष्ट्रपति के रूप में शपथ ग्रहण करेंगे। ट्रंप को कार्यकाल समाप्त होने से पहले व्हाइट हाउस नहीं छोड़ना पड़ेगा, क्योकि सीनेट का नियमित सत्र अभी नहीं चल रहा है और नियमित सत्र से पहले सत्र आरंभ करने के लिए सीनेट को सर्वसम्मति की आवश्यकता होगी।

 


Tanuja

Recommended News