डे केयर सेंटर की हैवानियत: नंगा कर हाथ-पैर बांध नशा देकर रखे नन्हे मुन्ने, 53 बिलखते मासूमों की हालत देख दहली दुनिया (Video)
punjabkesari.in Tuesday, Apr 28, 2026 - 05:53 PM (IST)
International Desk: एक प्राइवेट डेकेयर सेंटर से बेहद चौंकाने वाला मामला सामने आया है। यहां छोटे-छोटे बच्चों के साथ कथित तौर पर गंभीर दुर्व्यवहार और लापरवाही की घटनाएं सामने आई हैं, जिसने पूरी दुनिया को झकझोर कर रख दिया है। इंडोनेशिया के योग्याकार्ता (Yogyakarta) शहर का यह मामला तब उजागर हुआ जब “Little Aresha” नाम के डेकेयर का एक वीडियो सोशल मीडिया पर वायरल हो गया। इस वीडियो में कई मासूम बच्चों को रोते हुए, हाथ-पैर बांधकर और बिना उचित देखभाल के फर्श पर लेटे हुए देखा गया। कुछ बच्चे तो घंटों तक उसी हालत में पड़े रहे, जिससे उनकी स्थिति बेहद चिंताजनक लग रही थी।
This is the video of the Horrific daycare abuse in Yogyakarta: 53 toddlers tied up, drugged & neglected. 13 suspects arrested.
https://t.co/B7yu9eWsxe https://t.co/tgxNq2qZOz
— Dapsy𓃵 (@symplyDAPO) April 27, 2026
वीडियो सामने आने के बाद पुलिस ने तुरंत छापा मारा और जांच शुरू की। अब तक इस मामले में 13 लोगों को गिरफ्तार किया गया है, जिनमें डेकेयर का मैनेजमेंट और स्टाफ शामिल है। करीब 30 लोगों से पूछताछ की गई है और आगे भी गिरफ्तारी की संभावना जताई जा रही है। जांच में सामने आया कि इस डेकेयर में कुल 103 बच्चे नामांकित थे, जिनमें से कम से कम 53 बच्चों के साथ दुर्व्यवहार या गंभीर लापरवाही हुई हो सकती है। अधिकांश बच्चे 2 साल से भी कम उम्र के थे। रिपोर्ट्स के अनुसार, बच्चों को सोते समय भी बांधकर रखा जाता था।
Muslim Daycare is absolutely DISGUSTING this is child abuse … children blindfolded hands tied up and stripped down . https://t.co/SwhyQbAK80
— Lisa Lisa (@LHiggins714) April 27, 2026
अधिकारियों ने सभी प्रभावित बच्चों की मेडिकल जांच शुरू कर दी है और उनके परिवारों से बातचीत की जा रही है। साथ ही बच्चों के मानसिक स्वास्थ्य के लिए काउंसलिंग भी दी जा रही है, ताकि इस ट्रॉमा से बाहर निकाला जा सके। इस घटना के बाद पूरे इंडोनेशिया में डेकेयर सेंटरों की सुरक्षा व्यवस्था पर सवाल खड़े हो गए हैं। विशेषज्ञ और अभिभावक मांग कर रहे हैं कि डेकेयर सेंटरों की नियमित जांच हो, स्टाफ की सख्त स्क्रीनिंग हो और CCTV और मॉनिटरिंग सिस्टम अनिवार्य किया जाए ।
