Ravi Pradosh Vrat : जुलाई के अंतिम प्रदोष व्रत पर महादेव बरसाएंगे विशेष कृपा, जानें पूजा का सबसे शुभ समय

punjabkesari.in Sunday, Jul 26, 2026 - 09:55 AM (IST)

Ravi Pradosh Vrat : जुलाई का महीना जल्द ही समाप्त होने जा रहा है, लेकिन जाते-जाते शिव भक्तों के लिए जुलाई का महीना बहुत पावन अवसर लेकर आ रहा है। इस बार जुलाई का अंतिम प्रदोष व्रत रविवार यानी आज के दिन रखा जा रहा है। हिंदू धर्म में प्रदोष व्रत को बहुत महत्वपूर्ण माना जाता है। रविवार के दिन पड़ने के कारण इससे रवि प्रदोष भी कहा जाता है। मान्यता है कि इस दिन सच्चे मन से शिव जी की पूजा करने और व्रत रखने से जीवन में आने वाली सारी परेशानियों से छुटकारा मिलता है और मन की हर इच्छा पूरी होती है। तो आइए जानते हैं पूजा के लिए सबसे शुभ समय के बारे में-

Ravi Pradosh Vrat

रवि प्रदोष व्रत पूजा शुभ मुहूर्त

रवि प्रदोष व्रत की पूजा शाम 7 बजकर 16 मिनट से रात 9 बजकर 21 मिनट तक करना शुभ माना गया है। इनमें शाम 7 बजकर 16 मिनट से 8 बजकर 34 बजे तक का समय उत्तम और रात 8 बजकर 34 बजे से 9 बजकर 52 मिनट तक अमृत मुहूर्त माना गया है। 

Ravi Pradosh Vrat

क्यों खास है रवि प्रदोष व्रत का संयोग?

शास्त्रों के अनुसार, जब त्रयोदशी तिथि रविवार के दिन आती है, तो उसे रवि प्रदोष कहा जाता है। यह व्रत न सिर्फ आपके जीवन से सभी कष्टों और दुखों का नाश करता है, बल्कि आपको समाज में मान-सम्मान और उत्तम स्वास्थ्य भी प्रदान करता है। जहां भोलेनाथ आपकी हर मनोकामना पूरी करते हैं, वहीं सूर्य देव की कृपा से आपके करियर की रुकावटें दूर होती हैं और आरोग्य  की प्राप्ति होती है।

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Content Editor

Sarita Thapa

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