मौनी अमावस्या पर सरयू तट पर जला आस्था का दीप, पुण्य स्नान से भावुक हुए श्रद्धालु
punjabkesari.in Sunday, Jan 18, 2026 - 11:39 AM (IST)
Mauni Amavasya 2026 Ayodhya : मौनी अमावस्या के पावन अवसर पर आज अयोध्या की सरयू नदी के तट पर आस्था का एक अद्भुत दृश्य देखने को मिला। कड़ाके की ठंड के बावजूद, हज़ारों की संख्या में श्रद्धालुओं ने पवित्र जल में डुबकी लगाई और दीपदान कर अपने आराध्य के प्रति अटूट श्रद्धा प्रकट की।
अयोध्या के सरयू के घाटों पर उमड़ा जनसैलाब
आज 18 जनवरी, 2026 मौनी अमावस्या के अवसर पर राम की नगरी अयोध्या में सुबह से ही भक्तों का तांता लगा रहा। 'जय श्री राम' के उद्घोष और मंत्रोच्चार के बीच श्रद्धालुओं ने सरयू नदी में आस्था की डुबकी लगाई। ब्रह्म मुहूर्त से ही श्रद्धालुओं ने सरयू के विभिन्न घाटों पर स्नान करना शुरू कर दिया। मान्यता है कि इस दिन पवित्र नदी में स्नान करने से सभी पापों से मुक्ति मिलती है और मोक्ष की प्राप्ति होती है।
स्नान के बाद, घाटों पर हज़ारों की संख्या में मिट्टी के दीये जलाए गए। जल में प्रवाहित होते हुए ये दीप सरयू की धारा को अलौकिक आभा प्रदान कर रहे थे। जैसा कि इस पर्व का नाम 'मौनी' है, कई श्रद्धालुओं और साधु-संतों ने पूरे दिन मौन धारण कर जप-तप करने का संकल्प लिया। स्नान के उपरांत घाटों पर मौजूद ब्राह्मणों और ज़रूरतमंदों को तिल, गुड़, अनाज और गरम वस्त्रों का दान किया गया।
प्रशासनिक व्यवस्था
भीड़ को देखते हुए अयोध्या प्रशासन ने पुख्ता इंतज़ाम किए थे। घाटों पर सुरक्षा बलों की तैनाती के साथ-साथ जल पुलिस भी पूरी तरह मुस्तैद दिखी ताकि किसी भी अप्रिय घटना को रोका जा सके। श्रद्धालुओं की सुविधा के लिए घाटों पर साफ-सफाई और रोशनी की भी विशेष व्यवस्था की गई थी। हिंदू पंचांग के अनुसार, माघ मास की इस अमावस्या का विशेष महत्व है। कहा जाता है कि इस दिन संगम और पवित्र नदियों का जल अमृत के समान हो जाता है।
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