Mutual Fund Investment घटा, दिसंबर में ₹66,591 करोड़ की निकासी, SIP ने बनाया नया रिकॉर्ड
punjabkesari.in Friday, Jan 09, 2026 - 01:02 PM (IST)
बिजनेस डेस्कः दिसंबर 2025 में भारतीय म्यूचुअल फंड इंडस्ट्री से निवेशकों ने कुल मिलाकर ₹66,591 करोड़ की शुद्ध निकासी की। AMFI (एसोसिएशन ऑफ म्यूचुअल फंड्स इन इंडिया) की ताज़ा रिपोर्ट के मुताबिक, शेयर बाजार में जारी उतार-चढ़ाव के कारण निवेशकों की धारणा पर असर पड़ा। हालांकि, इसके बावजूद इंडस्ट्री का कुल एसेट्स अंडर मैनेजमेंट (AUM) महीने के अंत तक लगभग ₹80.23 लाख करोड़ पर स्थिर रहा।
रिपोर्ट के अनुसार, दिसंबर में करीब ₹14.66 लाख करोड़ का नया निवेश आया लेकिन इससे ज्यादा रकम रिडेम्पशन और रिपर्चेज के जरिए बाहर चली गई। महीने के अंत तक म्यूचुअल फंड इंडस्ट्री में 1,908 स्कीमें और करीब 26.12 करोड़ निवेशक फोलियो दर्ज किए गए।
SIP ने दिखाई मजबूती
कुल निकासी के बावजूद SIP निवेश ने बिल्कुल अलग तस्वीर पेश की। दिसंबर में SIP के जरिए निवेश बढ़कर ₹31,002 करोड़ के रिकॉर्ड स्तर पर पहुंच गया, जो नवंबर में ₹29,445 करोड़ था। इस दौरान 26.40 लाख नए SIP अकाउंट जुड़े, जो यह दर्शाता है कि बाजार की अस्थिरता के बावजूद खुदरा निवेशक लंबी अवधि की निवेश रणनीति पर भरोसा बनाए हुए हैं।
डेट फंड्स से सबसे ज्यादा निकासी
ओपन-एंडेड स्कीमों से कुल ₹66,532 करोड़ की शुद्ध निकासी दर्ज की गई, जबकि इनका कुल AUM करीब ₹79.98 लाख करोड़ रहा। सबसे ज्यादा दबाव डेट ओपन-एंडेड फंड्स पर दिखा, जहां से करीब ₹1.32 लाख करोड़ की निकासी हुई।
- लिक्विड फंड्स से: ₹47,308 करोड़ बाहर
- मनी मार्केट फंड्स से: ₹40,464 करोड़ बाहर
- अल्ट्रा शॉर्ट और लो ड्यूरेशन फंड्स में भी निकासी
विशेषज्ञों के मुताबिक, यह ट्रेंड संस्थागत निवेशकों की शॉर्ट-टर्म ट्रेजरी जरूरतों से जुड़ा हुआ है।
इक्विटी फंड्स में बना रहा भरोसा
इक्विटी ओपन-एंडेड स्कीमों में दिसंबर के दौरान ₹28,054 करोड़ का शुद्ध निवेश दर्ज किया गया।
- फ्लेक्सी-कैप फंड्स में सबसे ज्यादा ₹10,019 करोड़ आए
- मिड-कैप फंड्स में ₹4,176 करोड़
- स्मॉल-कैप फंड्स में ₹3,824 करोड़
हालांकि टैक्स सेविंग ELSS फंड्स से करीब ₹718 करोड़ की निकासी देखी गई। कुल इक्विटी AUM लगभग ₹35.73 लाख करोड़ रहा।
हाइब्रिड, ETF और गोल्ड में भी निवेश
हाइब्रिड फंड्स में ₹10,756 करोड़ का शुद्ध निवेश हुआ, जिसमें मल्टी-एसेट एलोकेशन फंड्स का योगदान सबसे ज्यादा रहा।
इसके अलावा...
- गोल्ड ETF में: ₹11,647 करोड़
- अन्य ETF में: ₹13,199 करोड़
- इंडेक्स फंड्स में: ₹1,731 करोड़ का शुद्ध निवेश
