Iran-US War: मर्चेंट जहाजों पर हमले में 2 भारतीयों की मौत, 1 लापता, देखें VIDEO
punjabkesari.in Wednesday, Mar 11, 2026 - 08:14 PM (IST)
नेशनल डेस्क : वेस्ट एशिया में जारी ईरान-इजराइल और अमेरिका के बीच बढ़ते संघर्ष का असर अब भारतीय नागरिकों पर भी दिखाई देने लगा है। भारत सरकार ने पुष्टि की है कि हाल ही में मर्चेंट जहाजों पर हुए हमलों में दो भारतीय नागरिकों की मौत हो गई है, जबकि एक अन्य भारतीय अब भी लापता बताया जा रहा है। विदेश मंत्रालय ने कहा है कि खाड़ी क्षेत्र में मौजूद भारतीयों की सुरक्षा और भलाई सरकार की सबसे बड़ी प्राथमिकता है।
विदेश मंत्रालय के प्रवक्ता रणधीर जायसवाल ने जानकारी देते हुए बताया कि यह घटना उन मर्चेंट जहाजों पर हुए हमलों के दौरान हुई, जिन पर भारतीय नागरिक भी मौजूद थे। उन्होंने कहा कि इस घटना में दो भारतीयों की जान चली गई है और एक व्यक्ति का अभी तक पता नहीं चल पाया है।
घायल भारतीयों का चल रहा इलाज
विदेश मंत्रालय के अनुसार इस संघर्ष के दौरान खाड़ी क्षेत्र में कुछ भारतीय नागरिक घायल भी हुए हैं। उनका स्थानीय अस्पतालों में इलाज जारी है और भारतीय दूतावास लगातार उनके संपर्क में है। बताया गया कि इजराइल में घायल एक भारतीय नागरिक फिलहाल अस्पताल में उपचाराधीन है और उसकी हालत में सुधार हो रहा है। वहीं दुबई में भी बुधवार सुबह एक भारतीय नागरिक घायल हुआ, जिसका इलाज जारी है। भारतीय दूतावास उसके स्वास्थ्य पर नजर बनाए हुए है और नियमित रूप से संपर्क में है।
#WATCH | On Indian casualties in West Asia conflict, MEA spokesperson Randhir Jaiswal says," There have been reports of some casualties. We have two Indian nationals whom we have lost, and one is missing. These three Indian nationals died or are missing. It happened when they… pic.twitter.com/l20T1PMsAY
— ANI (@ANI) March 11, 2026
ईरान में हजारों भारतीय, दूतावास लगातार संपर्क में
सरकार के मुताबिक ईरान में लगभग 9 हजार भारतीय नागरिक मौजूद हैं, जिनमें बड़ी संख्या छात्रों की है। विदेश मंत्रालय ने बताया कि कई लोगों ने सरकार की एडवाइजरी का पालन करते हुए देश लौटने का फैसला किया है, जबकि कुछ अभी भी ईरान में ही हैं। भारतीय दूतावास इन सभी नागरिकों के साथ लगातार संपर्क बनाए हुए है और जरूरत पड़ने पर उन्हें सुरक्षित स्थानों पर पहुंचाने में मदद कर रहा है। कुछ छात्रों और तीर्थयात्रियों को पहले ही अन्य शहरों में शिफ्ट किया गया है ताकि उनकी सुरक्षा सुनिश्चित की जा सके।
लैंड बॉर्डर के जरिए निकासी की व्यवस्था
विदेश मंत्रालय ने बताया कि भारतीय मिशन पड़ोसी देशों के जरिए भी नागरिकों को सुरक्षित बाहर निकालने की व्यवस्था कर रहा है। इसके तहत अल्जीरिया और अजरबैजान की सीमा पार करने में मदद दी जा रही है, जहां से भारत लौटने के लिए उड़ानों की सुविधा उपलब्ध कराई जा रही है।
कंट्रोल रूम को मिल रही लगातार कॉल
इस संकट से निपटने के लिए विदेश मंत्रालय ने विशेष कंट्रोल रूम भी सक्रिय किया है। मंत्रालय के अनुसार मंगलवार को इस कंट्रोल रूम को 75 फोन कॉल और 11 ईमेल प्राप्त हुए, जिनमें लोगों ने जानकारी और सहायता मांगी। सभी शिकायतों और सवालों का जवाब दिया गया है।
फारस की खाड़ी में भारतीय जहाजों की मौजूदगी
इसी बीच भारत के शिपिंग मंत्रालय ने भी खाड़ी क्षेत्र में भारतीय जहाजों की स्थिति को लेकर जानकारी साझा की है। मंत्रालय के मुताबिक फारस की खाड़ी में फिलहाल भारत के झंडे वाले 28 मर्चेंट जहाज संचालन में हैं। इनमें से 24 जहाज होर्मुज जलडमरूमध्य के पश्चिमी हिस्से में हैं, जिन पर कुल 677 नाविक सवार हैं। वहीं चार जहाज जलडमरूमध्य के पूर्वी हिस्से में मौजूद हैं, जिन पर 101 भारतीय नाविक काम कर रहे हैं। सरकार का कहना है कि इन सभी जहाजों और नाविकों की सुरक्षा पर लगातार नजर रखी जा रही है।
