श्री मुक्तसर साहिब में माघी मेले के लिए सुरक्षा के पुख्ता प्रबंध
punjabkesari.in Monday, Jan 12, 2026 - 08:13 PM (IST)
चंडीगढ़, 12 जनवरी:(अर्चना सेठी) माघी के ऐतिहासिक और पवित्र मेले से पहले, पंजाब के स्पेशल डायरेक्टर जनरल ऑफ पुलिस (कानून एवं व्यवस्था) अर्पित शुक्ला ने आज श्री मुक्तसर साहिब में सुरक्षा, यातायात और जनसुविधाओं से संबंधित सभी प्रबंधों की व्यापक समीक्षा की, ताकि इस आयोजन को सुचारू और सुरक्षित ढंग से संपन्न किया जा सके।
उल्लेखनीय है कि 40 मुक्तों की शहादत को समर्पित तीन दिवसीय वार्षिक माघी मेला 13 जनवरी से 15 जनवरी, 2026 तक श्री मुक्तसर साहिब में आयोजित किया जाएगा।स्पेशल डीजीपी ने डिप्टी इंस्पेक्टर जनरल ऑफ पुलिस (डीआईजी) फरीदकोट रेंज नीलांबरी जगदले तथा सीनियर सुपरिंटेंडेंट ऑफ पुलिस (एसएसपी) श्री मुक्तसर साहिब अभिमन्यु राणा के साथ मिलकर रैली स्थल, वाहन एवं बस पार्किंग स्थलों, पुलिस सांझा हेल्प डेस्कों, संवेदनशील स्थानों तथा पूरे शहर में स्थापित नाकों का गहन निरीक्षण किया।
जिक्रयोग्य है कि पूरे क्षेत्र को योजनाबद्ध ढंग से सात सेक्टरों में विभाजित किया गया है और मेले में आने वाली संगत की सुरक्षा, सुगम यातायात तथा सुविधा सुनिश्चित करने के लिए राजपत्रित अधिकारियों की निगरानी में 6,000 से अधिक पुलिस कर्मियों को तैनात किया गया है।
स्पेशल डीजीपी अर्पित शुक्ला ने जानकारी दी कि 37 प्रमुख स्थानों पर 100 सीसीटीवी कैमरे लगाए गए हैं। भीड़भाड़ और संवेदनशील क्षेत्रों की हवाई निगरानी के लिए दो ड्रोन टीमें तथा भीड़ नियंत्रण और प्रभावी पुलिस उपस्थिति के लिए घुड़सवार पुलिस बल सहित बहु-स्तरीय निगरानी व्यवस्था तैनात की गई है। उन्होंने बताया कि 94 कड़े नाके (54 बाहरी और 40 आंतरिक) लगाने के निर्देश जारी किए गए हैं।
उन्होंने कहा कि हर समय संगत को सहायता उपलब्ध कराने के लिए प्रत्येक सेक्टर में मेडिकल टीमों से लैस पुलिस सांझा हेल्प डेस्क स्थापित किए गए हैं। इसके अतिरिक्त, प्रत्येक सेक्टर में अस्पताल निर्धारित किए गए हैं तथा किसी भी आपात स्थिति से निपटने के लिए पूरे शहर में पर्याप्त संख्या में एंबुलेंस और फायर ब्रिगेड की व्यवस्था की गई है।
विशेष डीजीपी ने बताया कि संगत की निर्बाध आवाजाही और किसी भी प्रकार की असुविधा से बचने के लिए एक विशेष ट्रैफिक योजना तैयार की गई है। भारी वाहनों के शहर में प्रवेश पर पूर्ण प्रतिबंध लगाया गया है और निर्धारित मार्गों पर केवल आपातकालीन वाहनों को ही आवागमन की अनुमति दी गई है। उन्होंने कहा कि भीड़ नियंत्रण के लिए शहर में प्रवेश करने वाली सभी सड़कों पर 10 पार्किंग स्थल निर्धारित किए गए हैं तथा छह अस्थायी बस स्टैंड स्थापित किए गए हैं। इसके साथ ही संगत की भारी आमद और सुरक्षा को ध्यान में रखते हुए गुरुद्वारा साहिब के आसपास 300 मीटर के दायरे को नो-व्हीकल ज़ोन घोषित किया गया है।
