भीषण गर्मी और मिडल ईस्ट जंग के बीच हज यात्रा शुरू, सऊदी अरब पहुंचे 15 लाख से ज्यादा जायरीन
punjabkesari.in Monday, May 25, 2026 - 11:41 AM (IST)
International Desk: मुसलमानों ने युद्ध संबंधी चिंताओं के बीच भीषण गर्मी में वार्षिक हज यात्रा शुरू की मक्का (सऊदी अरब), 25 मई (एपी) इस्लाम के पांच स्तंभों में से एक मानी जाने वाली वार्षिक हज यात्रा सोमवार को आधिकारिक रूप से शुरू हो गई। हज पासपोर्ट बलों के कमांडर सालेह बिन साद अल-मुरब्बा ने शुक्रवार को बताया कि विदेशों से 15 लाख से अधिक जायरीन सऊदी अरब पहुंच चुके हैं। ईरान युद्ध के नाजुक संघर्ष विराम और युद्ध से जुड़े क्षेत्रीय तनाव एवं अनिश्चितता के बीच बड़ी संख्या में श्रद्धालु हज के लिए सऊदी अरब पहुंच रहे हैं।
Giant Umbrellas in Mecca Provide Daily Shade as Hajj Season Begins
— ME24 - Middle East 24 (@MiddleEast_24) May 19, 2026
As the Hajj season gets underway, Saudi Arabia’s massive automated umbrellas in the courtyards of the Grand Mosque in Mecca continue their daily operation, opening each day to provide shade and relief for… pic.twitter.com/9P10A1OB7r
मिस्र की जायरीन साम्या अब्दुल मोनीम ने कहा कि वह अल्लाह की शुक्रगुजार हैं कि उन्हें हज पर आने का मौका मिला। हर उस मुसलमान के लिए जीवन में एक बार हज करना जरूरी माना जाता है जो इसका खर्च उठा सकता हो और शारीरिक रूप से सक्षम हो। मोनीम ने रविवार को मक्का में कहा, ''मैं बहुत खुश हूं। यह अहसास बयान नहीं किया जा सकता। अल्लाह का शुक्र है कि मुझे यह नेमन मिली।'' भीषण गर्मी के बीच यात्रा कर रहे जायरीनों के हाथों में छाते और हाथ से चलने वाले पंखे देखे जा सकते हैं। स्वयंसेवक उन्हें पानी की बोतलें बांट रहे हैं और बड़े पंखों से पानी की फुहारें भी छोड़ी जा रही हैं।
Muslims begin annual Hajj in sweltering heat against backdrop of war concernshttps://t.co/mN9Evx8J51
— Greater Kashmir (@GreaterKashmir) May 25, 2026
भारत में बड़ी संख्या में मुस्लिम आबादी है और वहां हज यात्रा की तैयारी काफी हद तक सामान्य तरीके से आगे बढ़ी है लेकिन ईंधन की ऊंची कीमतों के कारण जायरीन की यात्रा लागत बढ़ गई है। सऊदी अरब में जायरीन मक्का पहुंचने के बाद काबा की परिक्रमा कर रहे हैं। बाद में जायरीन तंबुओं के शहर मीना में रुकेंगे और इबादत करेंगे। मंगलवार को हज यात्रा का सबसे महत्वपूर्ण चरण माना जाता है। इस दिन जायरीन अराफात के मैदान में ठहरेंगे जहां वे अल्लाह की बंदगी करेंगे, उससे माफी और दुआएं करेंगे।
