दिवंगत अभिनेता धर्मेंद्र समेत 5 लोगों को पद्म विभूषण, 13 को पद्म भूषण और 113 को मिला पद्मश्री अवॉर्ड
punjabkesari.in Sunday, Jan 25, 2026 - 10:41 PM (IST)
नेशनल डेस्कः अभिनेता धर्मेंद्र और केरल के पूर्व मुख्यमंत्री एवं दिग्गज वामपंथी नेता वीएस अच्युतानंदन को मरणोपरांत देश के दूसरे सर्वोच्च नागरिक सम्मान ‘पद्म विभूषण' से सम्मानित किया जाएगा। सरकार की ओर से रविवार को जारी एक बयान में यह जानकारी दी गई। गणतंत्र दिवस की पूर्व संध्या पर जारी बयान में सरकार ने साल 2026 के लिए 131 पद्म पुरस्कारों की घोषणा की, जिनमें पांच पद्म विभूषण, 13 पद्म भूषण और 113 पद्मश्री शामिल हैं। इनमें दो ऐसे मामले भी शामिल हैं, जिनमें एक पुरस्कार के लिए दो व्यक्तियों को चुना गया है।
बयान के मुताबिक, पद्म पुरस्कारों के लिए चुनी गई हस्तियों में 90 महिलाएं और अनिवासी भारतीय (एनआरआई), भारतीय मूल के लोग (पीआईओ) तथा प्रवासी भारतीय नागरिक (ओसीआई) जैसी श्रेणियों के छह व्यक्ति शामिल हैं। इसमें कहा गया है कि धर्मेंद्र और अच्युतानंदन के अलावा सार्वजनिक मामलों के लिए उच्चतम न्यायालय के पूर्व न्यायाधीश केटी थॉमस, कला के लिए हिंदुस्तानी शास्त्रीय संगीतकार एवं मशहूर वायलिन वादक एन राजम और साहित्य एवं शिक्षा के लिए प्रख्यात मलयालम पत्रकार पी नारायणन को पद्म विभूषण से सम्मानित करने का फैसला लिया गया है।
बयान के अनुसार, पार्श्व गायिका अलका याज्ञनिक, उत्तराखंड के पूर्व मुख्यमंत्री भगत सिंह कोश्यारी, अभिनेता ममूटी, बैंकर उदय कोटक, मशहूर टेनिस खिलाड़ी विजय अमृतराज, तमिलनाडु के जाने-माने जठरांत्र रोग विशेषज्ञ कल्लीपट्टी रामासामी पलानीस्वामी, अमेरिका में रहने वाले कैंसर विशेषज्ञ नोरी दत्तात्रेयुडु, सामाजिक कार्यकर्ता एसकेएम मैइलानंदन, अवधनम भजन कलाकार शतावधानी आर गणेश और एसएनडीपी योगम एवं एसएन ट्रस्ट के महासचिव वेल्लापल्ली नटेसन उन लोगों में शामिल हैं, जिन्हें पद्म भूषण सम्मान के लिए चुना गया है।
बयान में कहा गया है कि ‘एड गुरु' के रूप में विख्यात पीयूष पांडे, झारखंड मुक्ति मोर्चा (झामुमो) के संस्थापक शिबू सोरेन और भारतीय जनता पार्टी (भाजपा) के वरिष्ठ नेता वीके मल्होत्रा को मरणोपरांत पद्म भूषण से सम्मानित किया जाएगा। इसमें कहा गया है कि रक्षा अनुसंधान एवं विकास प्रयोगशाला से जुड़े भारतीय एयरोस्पेस वैज्ञानिक चंद्रमौली गद्दामनुगु (जिन्होंने आकाश मिसाइल प्रणाली के विकास से लेकर ‘ऑपरेशन सिंदूर' के दौरान उसकी तैनाती तक मार्गदर्शन किया) और भारतीय अंतरिक्ष अनुसंधान संगठन (इसरो) के प्रख्यात वैज्ञानिक एई मुथुनायगम (जिनके नेतृत्व में क्रायोजेनिक प्रणोदन प्रणाली विकसित की गई) को पद्मश्री सम्मान के लिए चुना गया है।
बयान के मुताबिक, केंद्रीय रिजर्व पुलिस बल (सीआरपीएफ) के पूर्व महानिदेशक (डीजी) राममूर्ति श्रीधर (जिन्होंने कुख्यात चंदन तस्कर वीरप्पन को मार गिराने वाली एसटीएफ का नेतृत्व किया था और भारत में सामुदायिक रेडियो के संस्थापक के रूप में विख्यात हैं) और भारत की पहली लाइसेंस प्राप्त निजी रक्षा कंपनी के संस्थापक सत्यनारायण नुवाल (जिन्होंने स्वदेशी गोला-बारूद के निर्माण में अग्रणी भूमिका निभाई थी) को भी पद्मश्री से सम्मानित करने का फैसला लिया गया है।
बयान में कहा गया है कि पिछले टी-20 क्रिकेट विश्व कप में भारतीय टीम को जीत दिलाने वाले पूर्व कप्तान रोहित शर्मा, भारत को महिला एकदिवसीय क्रिकेट विश्व कप में पहली बार जीत दिलाने वाली कप्तान हमरप्रीत कौर, हॉकी खिलाड़ी सविता पुनिया और बलदेव सिंह तथा पैरा एथलीट प्रवीण कुमार को भी पद्मश्री से सम्मानित किया जाएगा।
बयान के अनुसार, अभिनेता आर मधवन, प्रोसेनजीत चटर्जी, ‘साराभाई वर्सेज साराभाई' फेम अरविंद वैद्य, अनिल कुमार रस्तोगी और गड्डे बाबू राजेंद्र प्रसाद को भी पद्मश्री सम्मान के लिए चुना गया है। इसमें कहा गया है कि गृह मंत्रालय के पूर्व अवर सचिव आरवीएस मणि, जवाहरलाल नेहरू विश्वविद्यालय (जेएनयू) के पूर्व कुलपति एम जगदीश कुमार, प्रसार भारती के पूर्व मुख्य कार्यकारी अधिकारी (सीईओ) शशि शेखर वेम्पति और अयोध्या तथा सारनाथ में उत्खनन कार्य का नेतृत्व करने वाले पुरातत्वविद् बुध कृष्ण मणि को भी पद्मश्री से सम्मानित किया जाएगा।
बयान में कहा गया है कि एक दलित मोची परिवार से आने वाले और अत्याधुनिक अपतटीय निर्माण कंपनी की स्थापना करने वाले उद्यमी अशोक खाडे, धान की 25 से अधिक किस्में विकसित करने वाले कृषि वैज्ञानिक अशोक कुमार सिंह और रेलवे गार्ड के रूप में काम करते हुए प्रेरणादायक साहित्य लिखने वाले दलित लेखक अशोक कुमार हलदर को भी पद्मश्री सम्मान के लिए चुना गया है।
