New Labour Code: 48 घंटे वीकली काम, ओवरटाइम पर एक्स्ट्रा पेमेंट... देशभर में लागू हुए 4 नए लेबर कोड, बदले Salary और Working Rules
punjabkesari.in Saturday, May 09, 2026 - 03:07 PM (IST)
Four Labour Code India: भारत में labor system को माॅडर्न और आसान बनाने की दिशा में केंद्र सरकार ने एक बड़ा कदम उठाया है। लंबे समय से चर्चा में रहे four new labor codes अब पूरी तरह लागू कर दिए गए हैं। सरकार ने इनसे जुड़े जरूरी नियम आधिकारिक राजपत्र में जारी कर दिए हैं, जिसके बाद ये कानून प्रभाव में आ गए हैं। नए नियम लागू होने के बाद अब कर्मचारियों के काम के घंटे, ओवरटाइम, सैलरी, छुट्टियां और social Security से जुड़े कई अहम बदलाव देखने को मिलेंगे। सरकार का कहना है कि इन नए नियमों से कर्मचारियों को अधिक सुरक्षा, पारदर्शिता और सुविधाएं मिलेंगी, जबकि उद्योगों और कंपनियों के लिए कामकाज की प्रक्रिया पहले से आसान होगी।
कौन-कौन से लेबर कोड लागू हुए
सरकार ने जिन चार बड़े लेबर कोड को लागू किया है, उनमें शामिल हैं:
- Wage Code 2019
- Industrial Relations Code 2020
- Social Security Code 2020
- Occupational Safety, Health and Working Conditions Code 2020
इन नए कोड्स के जरिए देश के 29 पुराने labor laws को एक साथ जोड़कर नई व्यवस्था तैयार की गई है।
क्यों जरूरी था बदलाव
पुराने श्रम कानून कई दशकों पुराने थे और समय के साथ काफी जटिल हो गए थे। अलग-अलग नियमों और प्रक्रियाओं के कारण कंपनियों और कर्मचारियों दोनों को दिक्कतों का सामना करना पड़ता था। नई व्यवस्था का उद्देश्य नियमों को सरल बनाना, रोजगार बढ़ाना और कर्मचारियों के अधिकारों को मजबूत करना है। सरकार का मानना है कि इससे देश में निवेश और रोजगार दोनों को बढ़ावा मिलेगा।
अब हफ्ते में तय होंगे काम के घंटे
नए लेबर नियमों के अनुसार किसी भी कर्मचारी से सप्ताह में अधिकतम 48 घंटे ही काम कराया जा सकेगा। कंपनियों को यह सुनिश्चित करना होगा कि कर्मचारियों पर जरूरत से ज्यादा काम का दबाव न पड़े। अगर कोई कर्मचारी तय समय से अधिक काम करता है, तो उसे ओवरटाइम का एक्स्ट्रा पेमेंट देना अनिवार्य होगा। साथ ही हर कर्मचारी को सप्ताह में कम से कम एक दिन की छुट्टी देना जरूरी होगा।
हर कर्मचारी को मिलेगा लिखित जॉब लेटर
नई व्यवस्था के तहत अब हर कंपनी को कर्मचारी को नियुक्ति के समय लिखित अपॉइंटमेंट लेटर देना होगा। इससे नौकरी से जुड़ी शर्तें साफ रहेंगी और कर्मचारियों के अधिकार सुरक्षित होंगे। यह नियम खासतौर पर प्राइवेट सेक्टर के कर्मचारियों के लिए महत्वपूर्ण माना जा रहा है, जहां कई बार बिना लिखित दस्तावेज के नियुक्तियां होती थीं।
40 साल से ऊपर कर्मचारियों का हेल्थ चेकअप
सरकार ने कर्मचारियों के स्वास्थ्य को ध्यान में रखते हुए नया प्रावधान भी जोड़ा है। इसके तहत 40 वर्ष या उससे अधिक आयु वाले कर्मचारियों को नियमित स्वास्थ्य जांच की सुविधा दी जाएगी। इस कदम का उद्देश्य कार्यस्थल पर स्वास्थ्य सुरक्षा को बेहतर बनाना और गंभीर बीमारियों की समय पर पहचान करना है।
महिलाओं को समान वेतन
नए लेबर कोड में महिलाओं के लिए भी कई अहम प्रावधान किए गए हैं। अब समान काम करने पर महिलाओं और पुरुषों को बराबर वेतन देना जरूरी होगा। इसके अलावा महिलाओं को अलग-अलग शिफ्ट में काम करने के अवसर भी दिए जाएंगे और कार्यस्थल पर उनके अधिकारों की सुरक्षा सुनिश्चित की जाएगी।
नौकरी जाने पर मिलेगा री-स्किलिंग सपोर्ट
सरकार ने कर्मचारियों के भविष्य को सुरक्षित करने के लिए नेशनल री-स्किलिंग फंड का प्रावधान भी किया है। यदि किसी कर्मचारी की नौकरी चली जाती है, तो उसे नई स्किल सीखने और दोबारा रोजगार पाने में मदद दी जाएगी। इस योजना का मकसद बदलती तकनीक और उद्योगों की जरूरतों के अनुसार कर्मचारियों को तैयार करना है।
