कई राज्यों में घटे कोरोना केस को लेकर सरकार 'उत्साहित', विशेषज्ञ बोले- इतनी जल्दबाजी ठीक नहीं

2021-05-04T13:03:44.513

नेशनल डेस्क: केंद्र सरकार ने सोमवार को कहा था कि कुछ राज्यों में कोरोना के हर दिन मामलों में वृद्धि जारी रहना चिंता का विषय है जबकि दिल्ली और महाराष्ट्र समेत कुछ राज्यों में दैनिक मामलों में कमी के संकेत मिले हैं। केंद्रीय स्वास्थ्य मंत्रालय के बयान पर विशेषज्ञों ने कहा कि यह कमी न के बराबर है, ऐसे में जल्दबाजी में किसी निष्कर्ष पर पहुंचना ठीक नहीं। 

 

कुछ भी कहना जल्दबाजी: विशेषज्ञ
विशेषज्ञों ने कहा कि कोरोना की दूसरी लहर से जुड़े प्रारंभिक संकेत मिल रहे हैं। हालांकि इसका गणितीय आकलन करके दूसरा पीक निकलने का दावा करना ठीक नहीं है, यह जल्दबाजी होगी। विशेषज्ञों ने कहा कि कम से कम दो से तीन हफ्ते अगर स्थिति एक जैसी रहती है तो ही कहा जा सकता है कि देश में कोरोना कमजोर पड़ रहा है। दो दिन की स्थिति पर कुछ कहना जल्दबादी है।

 

इन राज्यों में मिल रहे कमी के संकेत
स्वास्थ्य मंत्रालय के संयुक्त सचिव लव अग्रवाल ने कहा कि दिल्ली, छत्तीसगढ़, महाराष्ट्र, पंजाब, झारखंड और उत्तर प्रदेश में कोविड-19 के दैनिक मामलों में स्थिरता के संकेत मिल रहे हैं। 

  • दिल्ली में 24 अप्रैल को संक्रमण के 25,294 मामले सामने आए थे। 2 मई को यहां 24,253 मामले सामने आए। 
  • महाराष्ट्र में 24 अप्रैल को संक्रमण के 65,442 जबकि 20 अप्रैल को 62,417 मामले आए। छत्तीसगढ़ में 29 अप्रैल को 15,583 मामले सामने आए थे जबकि 2 मई को 14,087 मामले सामने आए। 
  • दमन और दीव, गुजरात, झारखंड, लद्दाख, लक्षद्वीप, मध्य प्रदेश, पंजाब, तेलंगाना, उत्तर प्रदेश और उत्तराखंड में भी ऐसा ही देखने को मिल रहा है। जिलों के संबंध में अग्रवाल ने कहा कि छत्तीसगढ़ के दुर्ग, गरियाबंद, रायपुर, राजनांदगांव, मध्य प्रदेश के छिंदवाड़ा, गुना, शाजापुर, लद्दाख के लेह और तेलंगाना के निर्मल में पिछले 15 दिनों में मामलों में गिरावट के संकेत मिले हैं। महाराष्ट्र के 12 जिलों में भी पिछले 15 दिन में गिरावट के संकेत मिले हैं। 

 

यहां अब भी बढ़ रहे केस
बिहार, राजस्थान, हरियाणा, तमिलनाडु, आंध्र प्रदेश, केरल, कर्नाटक और पश्चिम बंगाल जैसे राज्यों में दैनिक मामलों में वृद्धि हो रही है। उन्होंने कहा कि 12 राज्य ऐसे हैं जहां उपचाराधीन रोगियों की संख्या एक लाख से अधिक हैं। इनमें महाराष्ट्र, गुजरात, दिल्ली, हरियाणा, उत्तर प्रदेश, बिहार, पश्चिम बंगाल, छत्तीसगढ़, आंध्र प्रदेश, कर्नाटक, केरल, तमिलनाडु शामिल हैं। उन्होंने कहा कि अंडमान निकोबार, अरुणाचल प्रदेश, असम, गोवा, हिमाचल प्रदेश, जम्मू- कश्मीर, कर्नाटक, केरल, मणिपुर, मिजोरम, नागालैंड, मेघालय, ओडिशा, पुडुचेरी, राजस्थान, त्रिपुरा में भी केस बढ़ रहे हैं।

 

12 राज्य जहां इलाज करा रहे मरीजों की संख्या 1 लाख पार
अग्रवाल ने कहा कि 12 राज्य ऐसे हैं जहां उपचाराधीन रोगियों की संख्या एक लाख से अधिक हैं। इनमें महाराष्ट्र, गुजरात, दिल्ली, हरियाणा, उत्तर प्रदेश, बिहार, पश्चिम बंगाल, छत्तीसगढ़, आंध्र प्रदेश, कर्नाटक, केरल, तमिलनाडु शामिल हैं। 7 राज्यों में मरीजों की तादाद 50 हजार से एक लाख और 17 राज्यों में 50 हजार से कम है। उन्होंने कहा कि 22 राज्य ऐसे हैं जहां संक्रमण दर 15 प्रतिशत से अधिक है और नौ राज्यों में संक्रमण दर 5 से 15 प्रतिशत के बीच है और पांच राज्यों में यह पांच प्रतिशत से कम है। 
टीकाकरण के बारे में उन्होंने कहा कि देश में अब तक कोविड-19 टीकों की 15.72 करोड़ खुराकें दी जा चुकी हैं। इनमें से 12.83 करोड़ लोगों को पहली जबकि 2.89 करोड़ लोगों को दूसरी खुराक दी गई। 18 से 44 साल की आयु के लोगों को पहली खुराक के तौर पर 0.02 करोड़ टीके लगाए गए हैं।


Content Writer

Seema Sharma

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