Gold Silver Update News: अचानक सरकार का एक फैसला... अब ज्वेलरी होगी सस्ती?

punjabkesari.in Monday, Apr 06, 2026 - 07:25 PM (IST)

नेशनल डेस्क : सोमवार (6 अप्रैल) को ज्वेलरी कंपनियों के शेयरों में जबरदस्त उछाल देखने को मिला। कारोबार के दौरान कई स्टॉक्स में 15 फीसदी तक की तेजी दर्ज की गई। दिन के अंत में Senco Gold के शेयर करीब 11 फीसदी की बढ़त के साथ बंद हुए, जबकि इंट्राडे में यह 15 फीसदी से ज्यादा उछल चुका था।

सरकार के फैसले से बदला बाजार का मूड

इस तेजी के पीछे केंद्र सरकार का बड़ा फैसला अहम वजह रहा। सरकार ने सोने और चांदी की बेस इम्पोर्ट प्राइस (Base Import Price) में भारी कटौती की है। इस कदम के बाद बुलियन मार्केट और ज्वेलरी सेक्टर को लेकर निवेशकों का नजरिया सकारात्मक हो गया, जिससे बाजार खुलते ही खरीदारी का माहौल बन गया।

सोना-चांदी की इम्पोर्ट कीमतों में बड़ी कटौती

सेंट्रल बोर्ड ऑफ इनडायरेक्ट टैक्सेज एंड कस्टम्स (CBIC) की अधिसूचना के अनुसार, सोने की बेस इम्पोर्ट प्राइस को 1,652 डॉलर से घटाकर 1,526 डॉलर प्रति 10 ग्राम कर दिया गया है। वहीं चांदी की कीमत को 2,820 डॉलर से घटाकर 2,427 डॉलर प्रति किलोग्राम कर दिया गया है। भारत में कस्टम ड्यूटी इसी बेस प्राइस के आधार पर तय होती है, ऐसे में इस कटौती का सीधा फायदा ज्वेलर्स को मिलेगा, क्योंकि अब कच्चा माल आयात करना सस्ता हो जाएगा।

पूरे सेक्टर में हरियाली, कई शेयर चमके

ज्वेलरी सेक्टर के लगभग सभी प्रमुख शेयरों में तेजी दर्ज की गई। Senco Gold के अलावा Kalyan Jewellers के शेयर 6.57 फीसदी चढ़कर 420.35 रुपये पर बंद हुए। वहीं Titan Company, PN Gadgil और TBZ के शेयरों में भी करीब 4 फीसदी तक की बढ़त देखने को मिली।

मुनाफा बढ़ने की उम्मीद, एक्सपर्ट्स उत्साहित

बाजार विशेषज्ञों के मुताबिक, आयात कीमतों में कमी से ज्वेलरी कंपनियों के प्रॉफिट मार्जिन में सुधार होगा। कम लागत के चलते कंपनियां या तो अपना मुनाफा बढ़ा सकती हैं या ग्राहकों को बेहतर कीमतों का फायदा दे सकती हैं। नए वित्त वर्ष 2026-27 की शुरुआत में यह बदलाव सेक्टर के लिए सकारात्मक संकेत माना जा रहा है।

त्योहार और शादी सीजन से बढ़ेगी मांग

भारत में शादियों और त्योहारों का सीजन करीब है। ऐसे में सोने-चांदी की कीमतों में नरमी से रिटेल मांग बढ़ने की उम्मीद है। हाल के महीनों में ऊंची कीमतों के कारण जो ग्राहक खरीदारी से दूर थे, वे अब बाजार में वापसी कर सकते हैं।

लाइसेंस नियम से मिलेगा संगठित सेक्टर को फायदा

सरकार ने एक और अहम कदम उठाते हुए सोने-चांदी के तैयार आभूषणों के आयात के लिए लाइसेंस अनिवार्य कर दिया है। इससे घरेलू मैन्युफैक्चरिंग को बढ़ावा मिलने और अवैध व्यापार पर लगाम लगने की उम्मीद है। जानकारों के मुताबिक, इससे संगठित ज्वेलरी कंपनियों को लंबी अवधि में बड़ा लाभ मिल सकता है।


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News Editor

Parveen Kumar

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