दिल्ली कैबिनेट का फैसला: ''दुर्गा'' ई-ऑटो योजना को मंजूरी- 1,170 महिला और 130 ट्रांसजेंडर लाभार्थियों को दिए जाएंगे पिंक इलेक्ट्रिक ऑटो
punjabkesari.in Thursday, Sep 24, 2026 - 08:18 AM (IST)
नई दिल्ली : दिल्ली की मुख्यमंत्री रेखा गुप्ता की अध्यक्षता में दिल्ली कैबिनेट ने महिलाओं और ट्रांसजेंडर लोगों के लिए स्वरोज़गार के अवसर पैदा करने और सुरक्षित व साफ़-सुथरे ट्रांसपोर्ट को बढ़ावा देने के लिए 'दुर्गा' ई-ऑटो स्कीम को मंज़ूरी दी। बुधवार को जारी एक आधिकारिक बयान के अनुसार, पहले चरण में 1,300 पिंक इलेक्ट्रिक ऑटो दिए जाएंगे, जिनमें से 1,170 महिलाओं के लिए और 130 ट्रांसजेंडर लाभार्थियों के लिए होंगे। इसके लिए एक खास ऑनलाइन पोर्टल के ज़रिए आवेदन मंगाए जाएंगे।
20-40 साल की उम्र की योग्य महिलाएं और ट्रांसजेंडर लोग ई-ऑटो के मालिक बन सकेंगे और उन्हें चला सकेंगे। महिला आवेदकों का दिल्ली का निवासी होना ज़रूरी है, साथ ही उनके पास वैध वोटर आईडी, LMV लाइसेंस और PSV बैज होना चाहिए, वहीं 2025-26 के लिए परिवार की आय 5 लाख रुपये से ज़्यादा नहीं होनी चाहिए। ई-ऑटो के लिए तीन साल का लॉक-इन पीरियड होगा और उन पर खास 'दुर्गा' ब्रांडिंग होगी। यह स्कीम 'लास्ट-माइल कनेक्टिविटी' (अंतिम छोर तक कनेक्टिविटी) में भी मदद करेगी और सर्विसिंग, चार्जिंग और बैटरी रीसाइक्लिंग जैसे संबंधित क्षेत्रों में नौकरियां पैदा करेगी।
इससे पहले सोमवार को, दिल्ली की मुख्यमंत्री रेखा गुप्ता ने 'पीएम सूर्य घर: मुफ़्त बिजली योजना' के तहत 'दिल्ली पीएम सूर्य घर' रजिस्ट्रेशन पोर्टल लॉन्च किया था। इस योजना का मकसद निवासियों के लिए रूफटॉप सोलर सिस्टम लगवाना आसान बनाना है। solar.delhi.gov.in पोर्टल के ज़रिए उपभोक्ता रूफटॉप सोलर सिस्टम के लिए रजिस्टर कर सकेंगे और सब्सिडी, अधिकृत वेंडर्स और शिकायतों के बारे में जानकारी हासिल कर सकेंगे। रजिस्ट्रेशन 'पहले आओ-पहले पाओ' के आधार पर स्वीकार किए जाएंगे।
आज दिल्ली कैबिनेट ने ‘दुर्गा’ ई-ऑटो योजना को स्वीकृति दी है।
— Rekha Gupta (@gupta_rekha) September 23, 2026
पहले चरण में 1,300 गुलाबी ई-ऑटो आवंटित किए जाएंगे। यह ई-ऑटो आजीविका का साधन भी बनेगा, आत्मनिर्भरता की ताकत भी और दिल्ली में सुरक्षित, स्वच्छ परिवहन का नया माध्यम भी।
स्वाभिमान से स्वरोजगार तक, दिल्ली सरकार हर कदम पर… pic.twitter.com/yPhgplDaJM
इस स्कीम के तहत, केंद्र सरकार 3 kW तक के सोलर सिस्टम के लिए 78,000 रुपये तक की सब्सिडी देगी, जबकि दिल्ली सरकार भी इतनी ही यानी 78,000 रुपये की सब्सिडी देगी, जिससे कुल सब्सिडी 1.56 लाख रुपये हो जाएगी। सरकार के अनुसार, जो घरेलू उपभोक्ता महीने में 400 यूनिट तक बिजली इस्तेमाल करते हैं, वे बिना किसी शुरुआती पेमेंट के 3 kW तक के रूफटॉप सोलर सिस्टम के लिए पात्र होंगे। इस स्कीम में ग्रुप हाउसिंग सोसायटियां और छोटी छत वाले घर भी शामिल हैं। ग्रुप हाउसिंग सोसायटियों के कॉमन एरिया में सोलर सिस्टम लगाने के लिए सब्सिडी को ₹2,000 से बढ़ाकर ₹11,000 प्रति kW कर दिया गया है।
