8th Pay Commission: सरकारी कर्मचारियों की बल्ले-बल्ले! इस राज्य में बनी कमेटी, जानें कब बढ़ेगी सैलरी?
punjabkesari.in Thursday, Feb 12, 2026 - 10:41 AM (IST)
8th Pay Commission : राजस्थान के करीब 12.5 लाख सरकारी कर्मचारियों और पेंशनर्स के लिए अच्छे दिनों की आहट शुरू हो गई है। भजनलाल सरकार ने केंद्र की तर्ज पर 8वें राज्य वेतन आयोग (8th State Pay Commission) के गठन की कवायद तेज कर दी है। यह कदम न केवल कर्मचारियों की जेब भरेगा बल्कि प्रदेश की अर्थव्यवस्था में भी नई जान फूंकेगा।
वेतन आयोग का मुख्य काम क्या होगा?
गठित होने वाली यह विशेष कमेटी राज्य कर्मचारियों के वेतन, भत्तों और पेंशन के मौजूदा ढांचे का गहन अध्ययन करेगी। इसका प्राथमिक उद्देश्य बढ़ती महंगाई (Inflation) के अनुपात में कर्मचारियों की बेसिक सैलरी और पेंशन में सम्मानजनक बढ़ोतरी की सिफारिश करना है।
कर्मचारियों की विशलिस्ट: क्या-क्या बदल सकता है?
राजस्थान के कर्मचारी संगठनों ने सरकार के सामने अपनी प्रमुख मांगें रखी हैं जिन पर कमेटी विचार कर सकती है:
फिटमेंट फैक्टर (Fitment Factor): वर्तमान में यह 2.57 है, जिसे बढ़ाकर 3.68 करने की मांग की जा रही है। अगर ऐसा होता है, तो सैलरी में बंपर उछाल आएगा।
न्यूनतम वेतन में भारी बढ़ोतरी: वर्तमान न्यूनतम वेतन 18,000 रुपये है। नई सिफारिशों के बाद इसके 34,500 रुपये से लेकर 50,000 रुपये के बीच होने की संभावना जताई जा रही है।
भत्तों में सुधार: हाउस रेंट अलाउंस (HRA), मेडिकल अलाउंस और अन्य यात्रा भत्तों में भी बड़े बदलाव की उम्मीद है।
कब से लागू होगा नया वेतनमान?
माना जा रहा है कि राजस्थान सरकार इस आयोग की सिफारिशों को 1 जनवरी 2026 से प्रभावी मान सकती है। इसका सबसे बड़ा फायदा यह होगा कि यदि घोषणा में देरी भी होती है तो कर्मचारियों को पिछले समय का पूरा एरियर (Arrear) एक साथ मिलेगा।
OPS बनाम NPS पर भी नजर
राजस्थान में पुरानी पेंशन योजना (OPS) हमेशा से एक संवेदनशील मुद्दा रही है। सूत्रों की मानें तो 8वां वेतन आयोग OPS और नई पेंशन योजना (NPS) के वित्तीय पहलुओं और इनके बीच के संतुलन पर भी अपनी महत्वपूर्ण राय सरकार को सौंप सकता है।
किसे कितना मिलेगा लाभ?
नियमित कर्मचारी: लगभग 8 लाख।
पेंशनभोगी: करीब 4.5 लाख।
