आयुष्मान भारत के 8 साल पूरे, PM मोदी बोले- 60 करोड़ लोगों को 5 लाख का हेल्थ कवर देती है यह स्कीम
punjabkesari.in Wednesday, Sep 23, 2026 - 11:18 AM (IST)
नई दिल्ली : आयुष्मान भारत के आठ साल पूरे होने पर प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने बुधवार को कहा कि इस स्कीम को इस मकसद से शुरू किया गया था कि हर भारतीय को अच्छी और सस्ती हेल्थकेयर मिल सके। उन्होंने कहा कि अब 60 करोड़ से ज्यादा लाभार्थियों को सालाना 5 लाख रुपए का हेल्थ कवर मिल रहा है जिससे आयुष्मान भारत दुनिया की सबसे बड़ी हेल्थकेयर स्कीम बन गई है।
PM मोदी ने सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म 'X' पर कहा, 'आठ साल पहले आयुष्मान भारत को इस सोच के साथ शुरू किया गया था कि हर भारतीय को बेहतरीन और सस्ती हेल्थकेयर मिलनी चाहिए। आज 60 करोड़ से ज़्यादा लाभार्थियों को सालाना 5 लाख रुपए का हेल्थ कवर मिल रहा है, जो इसे दुनिया की सबसे बड़ी हेल्थकेयर स्कीम बनाता है।' उन्होंने कहा, 'इसने मेडिकल खर्चों में रिकॉर्ड बचत करने में मदद की है, जिससे गरीब और मध्यम वर्ग को फायदा हुआ है। और हेल्थकेयर हर घर के करीब पहुंच रही है। आयुष्मान आरोग्य मंदिरों में अब तक 500 करोड़ से ज्यादा विजिट दर्ज की गई हैं, जिससे जमीनी स्तर पर प्राइमरी हेल्थकेयर मजबूत हुई है। आयुष्मान भारत के सभी लाभार्थियों को मेरी शुभकामनाएं।'
PM मोदी ने MyGovIndia की एक पोस्ट भी शेयर की जिसमें पिछले आठ सालों में आयुष्मान भारत की उपलब्धियों को बताया गया है। MyGovIndia ने कहा, 'सब ठीक है (All is well)। ये तीन शब्द हम तब इस्तेमाल करते हैं जब जिंदगी मुश्किल हो जाती है। लेकिन क्या होता है जब ये शब्द एक ऐसी हेल्थकेयर सिस्टम से मिलते हैं जो सेवा देने के लिए बनी है? दुनिया की सबसे बड़ी हेल्थ प्रोटेक्शन स्कीम, आयुष्मान भारत के 8 सालों ने लाखों भारतीय परिवारों को अच्छी हेल्थकेयर पाने में मदद की है, और इलाज का खर्च इसमें रुकावट नहीं बना।'
पोस्ट के अनुसार आयुष्मान भारत PM-JAY के तहत मुफ्त इलाज से परिवारों को हेल्थकेयर खर्च में 2 लाख करोड़ रुपए से ज्यादा बचाने में मदद मिली है। इसमें यह भी कहा गया है कि अब देश भर में 38,000 से ज्यादा अस्पताल आयुष्मान नेटवर्क का हिस्सा हैं, जो परिवारों को इलाज की जरूरत पड़ने पर ज्यादा हेल्थकेयर सुविधाएं देते हैं। MyGovIndia ने कहा, 'आयुष्मान भारत PM-JAY ने 13 करोड़ से ज्यादा बार अस्पताल में भर्ती होने की सुविधा दी है, जिससे इसका हेल्थ प्रोटेक्शन कवर बड़े पैमाने पर काम कर रहा है।'
आगे कहा गया है कि 70 साल से ज्यादा उम्र के छह करोड़ सीनियर सिटिजन अब आयुष्मान भारत के तहत कवर किए गए हैं, चाहे उनकी सामाजिक-आर्थिक स्थिति कुछ भी हो। इसमें यह भी बताया गया कि 1.86 लाख आयुष्मान आरोग्य मंदिर प्राइमरी हेल्थकेयर को समुदायों के करीब ला रहे हैं और जरूरी इलाज को ज़्यादा आसान बना रहे हैं। आयुष्मान आरोग्य मंदिरों में 500 करोड़ से ज़्यादा लोगों की आमद दर्ज की गई है जो समुदायों में प्राइमरी हेल्थकेयर सेवाओं की बढ़ती पहुंच को दिखाता है।
MyGovIndia ने यह भी कहा कि लगभग हर दो में से एक आयुष्मान कार्ड महिलाओं के नाम पर है, जिससे वे इस स्कीम के दायरे का एक अहम हिस्सा बन गई हैं। शुरुआती स्टेज में ही हेल्थ रिस्क का पता लगाने के लिए डायबिटीज और हाइपरटेंशन की 42 करोड़ से ज्यादा स्क्रीनिंग की गई हैं, साथ ही मुंह, ब्रेस्ट और सर्वाइकल कैंसर की भी करोड़ों स्क्रीनिंग की गई हैं। इसमें यह भी बताया गया कि लाभार्थियों के अपने राज्यों के बाहर 8,800 करोड़ रुपए से ज्यादा के 30 लाख से ज्यादा इलाज किए गए हैं, जो पूरे देश में आयुष्मान भारत कवरेज की पोर्टेबिलिटी को दिखाता है।
इसमें कहा गया, '60 करोड़ से ज्यादा लोग आयुष्मान भारत के तहत 5 लाख रुपए के हेल्थ कवर के दायरे में आते हैं, जिससे गंभीर मेडिकल जरूरत के समय आर्थिक सुरक्षा मिलती है।' MyGovIndia ने कहा, 'हेल्थ प्रोटेक्शन के वादे से लेकर लाखों परिवारों द्वारा इसे असल में अनुभव करने तक, आयुष्मान भारत के आठ सालों ने 'सब ठीक है' (All Is Well) के मायने को और भी खास बना दिया है।'
