भारत में महीने की तनख्वाह, ऑस्ट्रेलिया में दो घंटे की कमाई! भारतीय लड़की ने बताई अपनी Income
punjabkesari.in Thursday, Jan 08, 2026 - 05:18 PM (IST)
नेशनल डेस्क: विदेश में जाकर पढ़ाई और फिर कमाई का सपना आज के दौर में हर युवा के अंदर है। ऐसे में सोशल मीडिया पर ऑस्ट्रेलिया में रह रही भारतीय मूल की एक महिला का वीडियो तेजी से चर्चा में है। इस वीडियो में वह वहां के कामकाजी माहौल, मेहनत की अहमियत और मिलने वाली कमाई को लेकर अपने अनुभव साझा किया है जिसमें महिला की बातों ने भारत और ऑस्ट्रेलिया के वर्क कल्चर की तुलना को लेकर सोशल मीडिया पर बहस छेड़ दी है।
क्या बता रही है महिला?
वीडियो में महिला कहती है कि ऑस्ट्रेलिया में किसी भी तरह के काम को छोटा या बड़ा नहीं माना जाता। यहां हर काम को सम्मान मिलता है और व्यक्ति को उसकी मेहनत के हिसाब से भुगतान किया जाता है। उसके अनुसार, ऑस्ट्रेलिया में प्रति घंटे मजदूरी लगभग 25 ऑस्ट्रेलियाई डॉलर तक होती है, जिससे सिर्फ कुछ घंटों की मेहनत में ही अच्छी कमाई संभव हो जाती है।
किन कामों में मिलती है ज्यादा कमाई?
महिला का कहना है कि ऑस्ट्रेलिया में प्लंबर, निर्माण कार्य से जुड़े मजदूर और कंस्ट्रक्शन वर्कर जैसे पेशों में काम करने वालों की आय काफी बेहतर होती है। यहां डिग्री या लंबे अनुभव से ज्यादा काम करने की क्षमता और मेहनत को महत्व दिया जाता है। भुगतान पूरी तरह काम के घंटों के आधार पर होता है।
भारत से तुलना ने उठाए सवाल
वीडियो में महिला भारत की स्थिति पर भी अपनी राय रखती है। वह बताती है कि भारत में यही काम करने वाले लोग महीनों की मेहनत के बाद भी बहुत कम कमाई कर पाते हैं। उसके अनुसार, कई जगहों पर मजदूर और प्लंबर को महीने भर में सिर्फ 7 से 9 हजार रुपये तक मिलते हैं। इसी कारण बहुत से लोग विदेश जाकर काम करना ज्यादा सुरक्षित और लाभदायक विकल्प मानते हैं।
कहां शेयर हुआ वीडियो?
यह वीडियो सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म एक्स पर @speak000000 नाम के अकाउंट से साझा किया गया है। खबर लिखे जाने तक इसे 64 हजार से अधिक बार देखा जा चुका है और बड़ी संख्या में यूजर्स इस पर अपनी राय रख रहे हैं।
सोशल मीडिया पर दो राय
वीडियो के वायरल होने के बाद ऑनलाइन बहस तेज हो गई है। कुछ लोग इसे विदेशों के बेहतर सिस्टम और श्रमिक सम्मान का उदाहरण बता रहे हैं, जबकि कई लोगों का कहना है कि भारत में भी मेहनत करने वालों को उनकी मेहनत का सही मूल्य और सम्मान मिलना चाहिए।
