Iran Protest: ट्रंप की चेतावनी के बाद टलीं 800 लोगों की फांसी! व्हाइट हाउस बोला– हालात पर कड़ी नजर
punjabkesari.in Friday, Jan 16, 2026 - 06:40 AM (IST)
इंटरनेशनल डेस्कः ईरान में लंबे समय से चल रहे सरकार विरोधी प्रदर्शनों को दबाने के लिए सर्वोच्च नेता अयातुल्ला खामेनेई के नेतृत्व वाली सरकार ने बेहद सख्त कदम उठाए हैं। विरोध प्रदर्शन करने वालों पर भारी दमन किया जा रहा है। हजारों लोगों को गिरफ्तार किया जा चुका है और सैकड़ों प्रदर्शनकारियों को फांसी दिए जाने की आशंका जताई जा रही है। इसी बीच अमेरिका से एक बड़ा दावा सामने आया है। ट्रंप प्रशासन का कहना है कि ईरान में तय की गई 800 लोगों की फांसी की सजाओं पर फिलहाल रोक लगा दी गई है।
व्हाइट हाउस का बयान
व्हाइट हाउस की प्रेस सचिव कैरोलिन लेविट ने ईरान के हालात पर बयान जारी करते हुए कहा कि “राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप और उनकी टीम ने ईरानी शासन को साफ संदेश दिया है कि अगर हत्याएं और फांसी की सजाएं जारी रहीं, तो इसके गंभीर परिणाम भुगतने होंगे।” उन्होंने बताया कि राष्ट्रपति ट्रंप को जानकारी मिली है कि गुरुवार को दी जाने वाली 800 फांसी की सजाएं फिलहाल रोक दी गई हैं। हालांकि यह स्पष्ट नहीं किया गया है कि यह रोक अस्थायी है या लंबे समय के लिए।
क्या ईरान पर टल गया अमेरिकी हमला?
कैरोलिन लेविट ने यह भी कहा कि राष्ट्रपति ट्रंप और उनकी टीम ईरान की स्थिति पर बारीकी से नजर बनाए हुए हैं और अमेरिका के पास अब भी सभी विकल्प खुले हुए हैं। इस बीच चार खाड़ी देशों की कूटनीतिक पहल के बाद राष्ट्रपति ट्रंप ने फिलहाल तेहरान पर सैन्य कार्रवाई न करने का फैसला लिया है। ईरान द्वारा अपना हवाई क्षेत्र दोबारा खोलने से भी इस बात को बल मिला है कि अमेरिका का हमला फिलहाल टल गया है।
अमेरिका और ईरान के बीच मध्यस्थ कौन बना?
रिपोर्ट्स के मुताबिक सऊदी अरब, कतर, ओमान और मिस्र ने अमेरिका और ईरान के बीच तनाव कम करने के लिए अहम भूमिका निभाई है। रॉयटर्स की रिपोर्ट के अनुसार, करीब 48 घंटे तक चली कूटनीतिक कोशिशों के बाद राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप ने ईरान पर संभावित हमले को टालने का फैसला किया।
ट्रंप का बयान
गौरतलब है कि अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप ने गुरुवार को कहा था कि “फिलहाल ईरान पर हमला नहीं किया जाएगा।” उन्होंने यह भी कहा कि ईरान में हिंसा की घटनाओं में कुछ कमी देखने को मिली है, इसलिए हालात पर नजर रखते हुए आगे का फैसला लिया जाएगा।
