11 बच्चे पैदा करना चाहती थी ये एक्ट्रेस, फिर EX- Boyfriend ने लगाए चरित्र पर आरोप, अब बोलीं- उसने मुझे Periods...
punjabkesari.in Wednesday, Aug 19, 2026 - 06:38 PM (IST)
Anupama Parameswaran : साउथ सिनेमा की मशहूर एक्ट्रेस अनुपमा परमेश्वरन ने इन दिनों अपनी निजी जिंदगी को लेकर किए गए चौंकाने वाले खुलासों के चलते सुर्खियों में हैं। उन्होंने बताया कि उनके एक्स-बॉयफ्रेंड द्वारा उनके कैरेक्टर पर सवाल उठाए जाने का उनकी जिंदगी पर गहरा असर पड़ा। एक्ट्रेस के मुताबिक, इस मुश्किल दौर की वजह से वह लंबे समय तक डिप्रेशन से जूझती रहीं और अंदर ही अंदर काफी दर्द सहती रहीं। हाल ही में एक इंटरव्यू में उन्होंने उस सच्चाई के बारे में खुलकर बात की, जिसे अब तक कई लोग सिर्फ पब्लिसिटी स्टंट समझते थे।

टॉक्सिक रिलेशनशिप पर छलका दर्द
हाल ही में हुए एक इंटरव्यू में अपनी निजी जिंदगी के एक बेहद कठिन दौर का खुलासा किया। उन्होंने बताया कि करीब दो साल तक वे एक ऐसे रिश्ते में थीं, जिसने उन्हें अंदर से पूरी तरह तोड़कर रख दिया था। बाहर से वे सामान्य और खुश नजर आने की कोशिश करती थीं लेकिन अंदर ही अंदर काफी मानसिक पीड़ा से गुजर रही थीं।
अनुपमा ने बताया कि उनके बॉयफ्रेंड ने स्टेज पर जाने से कुछ समय पहले ही उनके चरित्र को लेकर बेहद आपत्तिजनक सवाल किए थे। जिस रिश्ते में उन्हें प्यार, भरोसे और सहारे की उम्मीद थी, वहीं उन्हें मानसिक रूप से परेशान किया जा रहा था। अभिनेत्री के मुताबिक, इस रिश्ते ने उनकी जिंदगी पर गहरा असर डाला और उन्हें लंबे समय तक भावनात्मक तकलीफ से गुजरना पड़ा।

11 बच्चे पैदा करना चाहती थीं
अनुपमा ने अपनी पुरानी इच्छाओं को याद करते हुए बताया कि एक समय वह 11 बच्चों की मां बनने का सपना देखा करती थीं। हालांकि, खराब रिश्ते के अनुभव ने उनकी सोच को पूरी तरह बदल दिया। अब वह मां नहीं बनना चाहतीं। उन्होंने यह भी स्वीकार किया कि कभी उन्हें अपनी मेहनत और उपलब्धियों पर गर्व महसूस करना चाहिए था लेकिन उस रिश्ते का उन पर इतना नकारात्मक असर पड़ा कि धीरे-धीरे उन्हें अपनी ही सफलता अच्छी नहीं लगने लगी।

महिला होने को लेकर शर्मिंदा किया जाता था
अनुपमा ने खुलासा किया कि उन्हें पीरियड्स और महिला होने जैसी सामान्य बातों को लेकर भी शर्मिंदगी महसूस कराई जाती थी। जब भी वह होने एक्स की किसी हरकत से नाराज होतीं या उसकी गलती पर सवाल उठातीं तो वह उनकी बात को गंभीरता से लेने के बजाय उसे PMS या आने वाले पीरियड्स से जोड़ देता था। धीरे-धीरे ऐसी बातें उनके मन पर इस कदर असर डालने लगीं कि एक समय वह उन्हें खुद महिला होने को लेकर ही बुरा महसूस होने लगा।
