बिल्ली पालना शुभ या अशुभ? घर में रखने से पहले जान लें वास्तु के खास नियम
punjabkesari.in Sunday, Sep 06, 2026 - 01:37 PM (IST)
Vastu Rules for Cats : आजकल लोग अपने घरों में कुत्ता, बिल्ली या अन्य पालतू जानवर पालने का शौक लोगों में बहुत बढ़ गया है। जहां एक ओर बिल्ली को लोग प्यारा और शांत जानवर मानते हैं, वहीं ज्योतिष और वास्तु शास्त्र में बिल्ली को लेकर अलग-अलग मत और नियम बताए गए हैं। अगर आप भी अपने घर में बिल्ली पालने के बारे में सोच रहे हैं, तो वास्तु शास्त्र में कुछ ऐसे कुछ खास नियम बताए गए हैं, जिनका पालन करना और जानना आपके लिए बहुत जरूरी है।
वास्तु शास्त्र में बिल्ली से जुड़े शुभ और अशुभ संकेत
शास्त्रों के अनुसार बिल्ली का संबंध राहु ग्रह और अलक्ष्मी से जोड़ा जाता है, इसलिए इसे घर में रखने को लेकर हमेशा खास सावधानी बरतनी चाहिए। ज्योतिषीय मान्यताओं के अनुसार, बिल्ली की आंखों और उसकी आवाज़ में नकारात्मकता का प्रभाव हो सकता है। बिल्ली को राहु की सवारी या उससे संबंधित माना जाता है। यदि घर में नकारात्मक ऊर्जा बढ़ रही हो, तो बिल्ली पालने से घर का वास्तु संतुलन बिगड़ सकता है।
वास्तु के अनुसार, यदि घर या आसपास बिल्ली बार-बार रोती है या बिल्लियां आपस में झगड़ती हैं, तो यह किसी अप्रिय घटना या धन हानि का पूर्व संकेत माना जाता है। बिल्ली का रोना घर में मानसिक तनाव और नकारात्मकता पैदा करता है। वहीं, यदि कोई बिल्ली स्वतः ही आपके घर में आकर बच्चों को जन्म देती है, तो वास्तु शास्त्र में इसे बहुत ही शुभ संकेत माना गया है। इसका अर्थ होता है कि घर में जल्द ही कोई मंगल कार्य होने वाला है और सुख-समृद्धि में वृद्धि होगी।
यदि घर में बिल्ली पाल रहे हैं, तो रखें इन वास्तु नियमों का ध्यान
बिल्ली का मल-मूत्र घर के ईशान कोण या पूजा स्थान के पास बिल्कुल नहीं होना चाहिए। इससे भारी वास्तु दोष उत्पन्न होता है।
बिल्ली के रहने और सोने का स्थान घर के दक्षिण-पश्चिम दिशा में ना बनाकर उत्तर या पश्चिम दिशा की तरफ व्यवस्थित करें। वहीं, यदि आपने बिल्ली पाली है, तो उसकी पूरी निष्ठा से देखभाल करें।
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