Khatu Shyam Mela 2026 : खाटू श्याम मेले में नया नियम ! अब पैदल चलकर जिगजैग रूट से होंगे बाबा के दर्शन
punjabkesari.in Wednesday, Feb 04, 2026 - 08:55 AM (IST)
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Khatu Shyam Mela 2026 :विश्व प्रसिद्ध खाटूश्यामजी में लगने वाला फाल्गुन लक्खी मेला इस वर्ष 21 फरवरी से शुरू होगा। इस बार यह धार्मिक आयोजन पूरे आठ दिनों तक चलेगा। मेले के दौरान लगभग 30 लाख से अधिक श्रद्धालुओं के पहुंचने की संभावना है। श्रद्धालुओं को बेहतर सुविधाएं देने और भीड़ को नियंत्रित रखने के लिए जिला प्रशासन और श्री श्याम मंदिर कमेटी ने तैयारियां तेज कर दी हैं।
भीड़ प्रबंधन को ध्यान में रखते हुए लामियां रोड स्थित चारण मैदान में जिगजैग दर्शन मार्ग का निर्माण कार्य औपचारिक रूप से शुरू कर दिया गया है। इस अवसर पर मंदिर कमेटी के अध्यक्ष शक्ति सिंह चौहान, कोषाध्यक्ष रवि सिंह चौहान, थाना प्रभारी पवन कुमार चौबे और व्यवस्थापक संतोष शर्मा मौजूद रहे। निर्माण कार्य से पहले विधिवत पूजा-अर्चना कर शुभारंभ किया गया।
इससे पहले अधिकारियों और मंदिर समिति के पदाधिकारियों ने शनि मंदिर मार्ग, केरपुरा तिराहा, 52 बीघा पार्किंग, सांवलपुरा पार्किंग समेत सभी प्रस्तावित पार्किंग स्थलों और दर्शन मार्गों का निरीक्षण किया। साथ ही, संभावित भीड़ को संभालने के लिए बैरिकेडिंग, प्रवेश-निकासी मार्ग और ट्रैफिक डायवर्जन की योजनाओं की समीक्षा की गई।
प्रशासन और मंदिर कमेटी का मुख्य उद्देश्य इस बार श्रद्धालुओं को कम समय में सुरक्षित और सुविधाजनक दर्शन कराना है। अधिकारियों का मानना है कि जिगजैग दर्शन व्यवस्था से भीड़ का दबाव कम होगा। इसके अलावा मार्गों पर पर्याप्त संकेतक, बैरिकेडिंग और सुरक्षा व्यवस्था भी की जाएगी। स्वच्छता, यातायात और सुरक्षा को लेकर विशेष तैयारियां की जा रही हैं, जिसमें स्थानीय व्यापारियों का भी सहयोग लिया जा रहा है।
भीड़ नियंत्रण के लिए जिगजैग मार्ग को और विस्तृत किया जाएगा। 52 बीघा, सांवलपुरा और सीतारामपुरा सहित सभी पार्किंग स्थलों का व्यवस्थित संचालन सुनिश्चित किया जाएगा। प्रवेश और निकासी मार्गों पर मजबूत व्यवस्था के साथ ट्रैफिक को सुचारू रूप से संचालित किया जाएगा, ताकि श्रद्धालुओं को किसी प्रकार की परेशानी न हो।
इस बार श्रद्धालुओं की सुविधा के लिए डिजिटल तकनीक का भी उपयोग किया जाएगा। भक्त क्यूआर कोड स्कैन कर अपने मार्ग और पार्किंग की जानकारी आसानी से प्राप्त कर सकेंगे। ये क्यूआर कोड खाटूश्यामजी तक पहुंचने वाले प्रमुख मार्गों पर लगाए जाएंगे और मेले से पहले जारी कर दिए जाएंगे।
साथ ही, सरकारी प्रोटोकॉल वाले विशेष अतिथियों को छोड़कर सभी प्रकार के वीआईपी दर्शन इस बार पूरी तरह बंद रहेंगे। इसका उद्देश्य यह सुनिश्चित करना है कि आम श्रद्धालुओं को बिना किसी भेदभाव के बाबा श्याम के दर्शन करने का अवसर मिल सके।
