जलझूलनी एकादशी 2026 पर करें ये खास उपाय, श्रीकृष्ण की कृपा से जीवन में आएंगी खुशियां
punjabkesari.in Sunday, Sep 20, 2026 - 09:00 AM (IST)
Jaljhulani Ekadashi Remedies 2026 : भाद्रपद माह के शुक्ल पक्ष की एकादशी यानी जलझूलनी एकादशी का दिन भगवान विष्णु की पूजा और उनकी कृपा प्राप्त करने के लिए बहुत खास माना जाता है। यह दिन भगवान विष्णु के अवतार श्री कृष्ण की पूजा के लिए अत्यंत पावन माना गया है। इस साल जलझूलनी एकादशी का व्रत 22 सितंबर, 2026 को रखा जाता है। माना जाता है इस दिन क्षीरसागर में योगनिद्रा में लीन भगवान विष्णु अपनी करवट बदलते हैं और भगवान के बाल स्वरूप को जल विहार कराया जाता है। शास्त्रों में विधान है कि जलझूलनी एकादशी के दिन किए गए कुछ विशेष और अचूक उपाय साधक के जीवन से आर्थिक तंगी, वैवाहिक मनमुटाव और कार्यों में आ रही रुकावटों को हमेशा के लिए समाप्त कर देते हैं। तो आइए जानते हैं कि इस दिन कौन से उपाय करने चाहिए।
संतान सुख और पारिवारिक समृद्धि के लिए माखन-मिश्री'का भोग
जलझूलनी एकादशी के दिन पूजा के समय एक छोटी मटकी या कटोरी में घर का बना ताजा माखन और मिश्री मिलाकर लाला को भोग लगाएं। इस भोग में तुलसी दल जरूर रखें। ऐसा करने से घर के बच्चों का स्वास्थ्य उत्तम रहता है, उन्हें बुद्धि-विद्या की प्राप्ति होती है और परिवार में खुशहाली आती है।
आर्थिक तंगी दूर करने के लिए पीले पुष्प और कौड़ी का उपाय
एकादशी की पूजा के समय भगवान श्री कृष्ण या शालिग्राम जी के चरणों में 5 पीली कौड़ियां और पीले गेंदे के फूल अर्पित करें। पूजा संपन्न होने के बाद इन कौड़ियों को एक पीले कपड़े में बांधकर अपनी तिजोरी या धन स्थान पर रख दें। इससे घर में व्यर्थ के खर्चे रुकते हैं और आय के नए स्रोत खुलने लगते हैं।
मनोकामना पूर्ति के लिए तुलसी मंजरी का प्रयोग
भगवान श्री कृष्ण के चरणों में तुलसी की मंजरी अर्पित करें और "ॐ नमो भगवते वासुदेवाय" मंत्र का 108 बार जाप करें। इस उपाय से साधक की लंबे समय से रुकी हुई मनोकामनाएं शीघ्र पूरी होती हैं।
वैवाहिक जीवन में प्रेम बढ़ाने के लिए 'पीले वस्त्र व बांसुरी' अर्पित करें
इस पावन दिन भगवान श्री कृष्ण को एक छोटी बांसुरी अर्पित करें। बांसुरी पर सिंदूर का टीका लगाएं और लाला को पीले रंग के वस्त्र धारण कराएं। ऐसा करने से दांपत्य जीवन में आ रही कड़वाहट दूर होती है और रिश्तों में मधुरता व प्रेम का संचार होता है।

