Eating in Bed: सावधान! कहीं आप भी तो बिस्तर पर बैठकर नहीं खाते खाना? आज ही बदलें ये आदत वरना कंगाली और बीमारियां घेर लेंगी
punjabkesari.in Saturday, May 30, 2026 - 10:10 AM (IST)
Eating in Bed: आज की आधुनिक जीवनशैली और भागदौड़ भरी जिंदगी में हम अपनी सुख-सुविधाओं को प्राथमिकता देते हैं। अक्सर ऑफिस से थककर आने के बाद या छुट्टी के दिन हम बिस्तर पर लेटकर या बैठकर ही खाना (Dining in Bed) पसंद करते हैं। साथ में मोबाइल पर वेब सीरीज या टीवी देखना अब एक सामान्य चलन बन गया है। लेकिन क्या आप जानते हैं कि आपकी यह एक छोटी सी लापरवाही आपके जीवन में भूचाल ला सकती है?

अक्सर घर के बड़े-बुजुर्ग कहते हैं, जब भी खाना खाएं तो ज़मीन पर ही बैठ कर खाएं। वहीं शास्त्रों के अनुसार बेड पर बैठकर कभी भी भोजन नहीं करना चाहिए, इसे बहुत ही गलत माना गया है। जिस जगह हम सोते हैं, वहीं बैठकर खाना सही नहीं होता है। इससे अन्न का अपमान होता है। हालांकि आज के समय में लोगों की सोच मॉडर्न है, जिसकी वजह से वे इन चीज़ों का वहम नहीं करते हैं। शास्त्रों में ऐसा करना वर्जित है। तो आइए इसके पीछे की वजह जानते हैं।
शास्त्रों के अनुसार बिस्तर पर बैठकर खाना खाने से माता लक्ष्मी रूठ जाती हैं और घर में धन की कमी होने लगती है। यही नहीं बिस्तर पर बैठकर खाना खाने से न केवल धन की हानि होती है, बल्कि इससे आपकी सेहत पर भी असर पड़ता है। कहा जाता है कि इससे व्यक्ति को बहुत सी बीमारियां हो सकती है।

वास्तु विद्वान कहते हैं, भोजन करने से पहले दिशाओं का ध्यान अवश्य रखना चाहिए। ऐसा करने से स्वास्थ्य लाभ प्राप्त होता है। पूर्व दिशा की ओर मुंह करके खाना खाने से रोगों का नाश होता है और उम्र में बढ़ोत्तरी होती है। दक्षिण दिशा की तरफ मुंह करके खाना खाने या बनाने से लक्ष्मी रूठ जाती है। उत्तर दिशा देवी-देवताओं की प्रिय दिशा है। इस दिशा में खाना खाने से रुपये पैसों में वृद्धि होती है। घर के मुखिया और विद्यार्थियों को इसी दिशा में अपना मुख करके भोजन करना चाहिए। वास्तु विद्वानों के अनुसार बीमार, कारोबारी और नौकरीपेशा लोगों को पश्चिम दिशा की ओर मुंह करके भोजन करना चाहिए। इससे तन और मन स्वस्थ रहता है !

ज्योतिष के अनुसार बैड पर बैठकर भोजन करने से कुंडली में चंद्रमा और शुक्र ग्रह कमजोर होने लगते हैं। सुख-संसाधनों में कमी आने लगती है और लव लाइफ में भी तनाव पैदा होता है।
