Infosys पर लगे गंभीर आरोप, रिपोर्ट का दावा- मुनाफा बढ़ाने के लिए उठाए अनैतिक कदम

10/21/2019 3:26:50 PM

मुंबईः देश की बड़ी आईटी (Information Technology) कंपनी इन्फोसिस के मैनेजमेंट पर गंभीर आरोप लगे हैं। एक रिपोर्ट में दावा किया गया है कि कंपनी ने अपना मुनाफा और आमदनी बढ़ाने के लिए अनैतिक कदम उठाए हैं। इस पूरे मामले को लेकर एक ग्रुप ने इन्फोसिस के बोर्ड को चिट्ठी लिखकर इसकी जानकारी दी है। 

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आपको बता दें कि पिछले हफ्ते कंपनी ने अपने तिमाही नतीजों का ऐलान किया। मौजूदा वित्त वर्ष की जुलाई-सितंबर तिमाही में आईटी कंपनी इंफोसिस का मुनाफा 5.8 फीसदी बढ़कर 4019 करोड़ रुपए पर पहुंच गया। वहीं, इस दौरान कंपनी की आमदनी 7 फीसदी बढ़कर 23,255 करोड़ रुपए हो गई है।

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क्या है मामला
देश की दूसरी सबसे बड़ी आईटी कंपनी इन्फोसिस को लेकर व्हीसल ब्लोअर्स ने 20 सितंबर को इस मामले से जुड़ी एक चिट्ठी इन्फोसिस बोर्ड को लिखी है। साथ ही उन्होंने अमेरिकी शेयर बाजार के रेग्युलेटर यूएस सिक्योरिटीज एंड एक्सचेंज कमीशन (US Securities and Exchange Commission) को भी एक चिट्ठी 27 सितंबर को दी गई है। चिट्ठी में बताया गया है कि इन्फोसिस ने अपने मुनाफे और आमदनी को बढ़ाने के लिए अनौतिक कदम उठाया है। कंपनी के मौजूदा सीईओ सलिल पारेख भी इसमें शामिल है।

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रिपोर्ट का दावा है कि सलिल पारेख बड़ी डील में मार्जिन्स को बढ़ा-चढ़ाकर दिखाने के लिए दबाव बनाते है। साथ ही, आमदनी और मुनाफे का गलत अनुमान बताने को कहते हैं। इन्फोसिस के सीएफ नीलांजन रॉय भी इसमें शामिल है। रिपोर्ट में बताया है कि व्हीसल ब्लोअर्स के आरोपों को लेकर कंपनी ने जांच शुरू कर दी है।

कौन है सलिल पारेख
आपको बता दें कि 2 जनवरी 2018 को इन्फोसिस की कमान सलिल पारेख को मिली है। पारेख इंफोसिस के बाहर से आने वाले इंफोसिस के दूसरे एमडी और सीईओ हैं। इससे पहले सलिल पारेख कैपजेमिनी इंडिया के डिप्टी सीईओ और एक्जिक्यूटिव चेयरमैन रह चुके हैं। सलिल पारेख को बीते वित्त वर्ष 2018-19 में 24.67 करोड़ रुपए का वेतन पैकेज मिला। उन्हें निश्चित वेतन के रूप में 6.07 करोड़ रुपए मिले जबकि 10.96 करोड़ रुपए बोनस, प्रोत्साहन और वैरिएबल पे के रूप में मिले। 


jyoti choudhary

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