RBI Monetary Policy: सस्ते लोन की उम्मीदों पर फिरा पानी, रेपाे रेट में नहीं हुआ कोई बदलाव

2021-04-07T12:03:33.537

बिजनेस डेस्क: भारतीय रिजर्व बैंक ने एक बार फिर आम आदमी की उम्मीदों पर पानी फेरते हुए रेपो रेट में कोई बदलाव नहीं किया है। भारतीय रिजर्व बैंक के गवर्नर शक्तिकांत दास ने बुधवार को  चालू वित्त वर्ष की पहली नीतिगत समीक्षा के दौरान नितिगत दरों में कोई बदलाव न होने का ऐलनान करते हुए कहा कि  वृद्धि को समर्थन देने तथा मुद्रास्फीति को लक्षित स्पर पर बनाए रखने के लिए केंद्रीय बैंक उदार मौद्रिक नीति को जारी रखेगा।  यानी कि  रेपो रेट 4 फीसदी और रिवर्स रेपो रेट 3.35 फीसदी पर बरकरार रहेगा।

PunjabKesari

आरबीआई गवर्नर ने कहा कि हाल में कोविड-19 संक्रमण में बढ़ोतरी ने आर्थिक वृद्धि दर में सुधार को लेकर अनिश्चितता पैदा की है। साथ ही उन्होंने वायरस के प्रकोप को रोकने और आर्थिक सुधारों पर ध्यान दिए जाने की आवश्यकाता पर बल दिया। केंद्रीय बैंक ने वित्त वर्ष 2021-22 के लिए आर्थिक वृद्धि के लक्ष्य को 10.5 प्रतिशत पर बरकरार रखा। दास ने कहा कि केंद्रीय बैंक प्रणाली में पर्याप्त नकदी सुनिश्चित करेगा, ताकि उत्पादक क्षेत्रों को ऋण आसानी से मिले। 

PunjabKesari

पॉलिसी रेट के ऐलान के बाद 12 बजे एक प्रेस कॉन्फ्रेंस की जाएगी। RBI की मौद्रिक नीति समिति (MPC) की बैठक में लिए गए फैसलों की घोषणा करते हुए दास ने कहा कि देश की आर्थिक विकास की संभावनाओं में काफी सुधार हुआ है। उन्होंने कहा कि  लॉकडाउन का ग्रोथ पर सीमित असर हो सकता है. ग्रामीण मांग में सुधार हुआ है. आरबीआई अकोमडेटिव रुख पर कामय है. कोरोना में उछाल से अस्थिरता बनी है। 

PunjabKesari


Content Writer

vasudha

सबसे ज्यादा पढ़े गए

Recommended News

static