JSW स्टील के चेयरमैन सज्जन जिंदल ने कहा- चीन से बढ़ते इस्पात आयात का मुनाफे पर असर

punjabkesari.in Friday, Jul 26, 2024 - 03:07 PM (IST)

बिजनेस डेस्कः जेएसडब्ल्यू स्टील (JSW Steel) के चेयरमैन सज्जन जिंदल (Sajjan Jindal) ने कहा कि चीन से बढ़ते इस्पात आयात का घरेलू कंपनियों के मुनाफे पर नकारात्मक प्रभाव पड़ रहा है। कंपनी की वार्षिक आम बैठक (AGM) में जिंदल ने कहा कि कई देशों ने इस्पात आयात के खिलाफ पहले ही कदम उठाए हैं और भारतीय इस्पात उद्योग भी समान अवसर सुनिश्चित करने के लिए सरकार के साथ बातचीत कर रहा है।

उन्होंने बताया कि वित्त वर्ष 2023-24 में घरेलू इस्पात की मांग में 13.6 प्रतिशत की वृद्धि हुई है, जो आर्थिक वृद्धि से अधिक है। यह बुनियादी ढांचे के विकास और प्रमुख इस्पात-उपभोक्ता क्षेत्रों की मजबूत मांग के कारण संभव हुआ है।

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चीन से बढ़ते आयात का प्रभाव

जिंदल ने शेयरधारकों को संबोधित करते हुए कहा, "हालांकि वैश्विक इस्पात मांग कमजोर बनी हुई है, जिससे भारत में आयात बढ़ रहा है और घरेलू इस्पात विनिर्माताओं के मुनाफे पर असर पड़ रहा है। इसका मुख्य कारण चीन का उत्पादन और निर्यात बढ़ना है, जिससे वैश्विक इस्पात बाजारों पर दबाव बन रहा है।" इसके अलावा, देश में इस्पात की अच्छी मांग ने घरेलू बाजार को कमजोर वैश्विक मांग के बीच आयात के प्रति संवेदनशील बना दिया है।

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कंपनी के व्यावसायिक आंकड़े

JSW स्टील के वित्त वर्ष 2023-24 के व्यावसायिक आंकड़े साझा करते हुए जिंदल ने कहा कि कंपनी ने इस अवधि में 92 प्रतिशत क्षमता उपयोग के साथ अपना उच्चतम कच्चा इस्पात उत्पादन प्राप्त किया। कंपनी ने अपने उत्पादन और बिक्री के लक्ष्य को 100 प्रतिशत पूरा किया। परिचालन से इसका Revenue 1,75,006 करोड़ रुपए तक पहुंच गया, जिसमें ब्याज, कर, मूल्यह्रास और कर पूर्व आय (EBITDA) की कमाई ₹28,236 करोड़ और कर के बाद का मुनाफा ₹8,973 करोड़ रहा।

लाभांश और भविष्य की योजनाएं

कंपनी के निदेशक मंडल ने वित्त वर्ष 2023-24 के लिए 7.30 रुपए प्रति शेयर के लाभांश की सिफारिश की है, जिसे शेयरधारकों की मंजूरी प्राप्त करनी होगी। इसके अतिरिक्त, कंपनी की योजना वित्त वर्ष 2030-31 तक भारत में अपनी क्षमता को 5 करोड़ टन प्रति वर्ष तक बढ़ाने की है।
 


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Content Writer

jyoti choudhary

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