15 जून तथा 15 जुलाई के बीच जन्मे जातकों का फलादेश

Tuesday, May 30, 2017 12:05 PM
15 जून तथा 15 जुलाई के बीच जन्मे जातकों का फलादेश

पंजाब तथा बंगाल में इस महीने को आषाढ़ या असाड़ कहते हैं। आषाढ़ की 1 तारीख से 30 तारीख तक जिन लोगों का जन्म हुआ है, उनको यह फलादेश लागू होगा। ऐसे व्यक्ति मिलनसार और दूसरों के साथ मिल कर काम करने वाले होते हैं। यदि क्रोधित हो जाएं तो क्रोध शांत होने पर फिर पश्चाताप प्रकट करते हैं। विद्या-प्रेम तथा अध्ययनशीलता ऐसे व्यक्तियों में पाई जाती है और व्यापारिक बुद्धि भी होती है। अपनी पसंद के विषय पर ऐसे व्यक्ति प्राय: बहुत अधिक बातचीत करते हैं अन्यथा उनकी बुद्धि अंतर्मुखी होती है। गायन-वादन आदि भी इन व्यक्तियों को प्रिय होते हैं।


आर्थिक स्थिति में बहुत परिवर्तन होता रहता है। कभी बहुत सम्पन्न तो कभी द्रव्यहीनता। इनके पद में भी इसी प्रकार परिवर्तन होते रहते हैं। इनके जीवन में कौटुम्बिक रहस्य तथा अंतद्र्वंद्व का एक विशेष भाग होता है और पिता के निमित्त से कठिनाइयां  उठानी पड़ती हैं। इनके संतान कई होंगी परंतु उनमें आपस में या माता-पिता के प्रति विद्वेष की भावना हो जाएगी। कुटुम्ब के व्यक्तियों का मातहतों तथा भृत्यों के साथ मनोमालिन्य रहेगा। निम्रलिखित रोगों से पीड़ा की संभावना रहेगी-जहरीले जंतु, चौपाए या चौपायों द्वारा आघात, मलेरिया, खसरा, मोतीझरा आदि तथा मसानों की कमजोरी। 


प्रेम संबंधों के परिणामस्वरूप बहुत दुख, कष्ट और निराशा होगी। संभव है एक से अधिक विवाह हों या विवाह के अतिरिक्त किसी से स्थायी प्रेम हो। अनेक प्रकार के तथा अनेक स्थिति के लोगों से मित्रता होगी। इनमें से कई आपके शत्रु हो जाएंगे। जीवन के मध्य काल में अभ्युदय के मार्ग पर बहुत बाधाएं होंगी। इसमें मुख्य कारण शत्रुओं का प्रतिबंध होगा और इन शत्रुताओं के लिए जातक स्वयं उत्तरदायी होगा। जातक दो प्रकार के काम करता रहेगा। एक मुख्य और एक गौण। एक मित्र से विश्वासघात की आशंका है। सहयोगी, पड़ोसी तथा ससुराल पक्ष में ऐसे जातक के विरुद्ध काफी षड्यंत्र चलते रहेंगे।


आप लोगों का शुभ रत्न पन्ना है। श्वास के रोग तथा ठंड से बचना चाहिए। ‘दराहमिहिर’ के मतानुसार जिसका जन्म इन तारीखों के बीच में हो, वह विद्वान, ज्योतिष-शास्त्र में प्रेम रखने वाला तथा धनवान होता है। ‘सारावली’ के मतानुसार ऐसा व्यक्ति मेधावी, मधुर वाणी वाला, उदार प्रकृति का, बच्चों से बहुत प्रेम करने वाला, बहुत धनी और निपुण होता है। संभव है अपनी माता के अतिरिक्त किसी अन्य स्त्री ने भी इसके लालन-पालन में विशेष योग दिया हो। अंग्रेजी ज्योतिष के अनुसार इन्हें हरा या हल्का पीला रंग, बुधवार तथा 5 की संख्या शुभ है। 



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