पूर्व भारतीय राजदूत ने ट्रंप की उड़ाई धज्जियां, कहा-वेनेजुएला में कार्रवाई तो बहाना, असली वजह कुछ और
punjabkesari.in Tuesday, Jan 06, 2026 - 04:44 PM (IST)
International Desk: वेनेजुएला की राजधानी कराकस में अमेरिका द्वारा की गई सैन्य कार्रवाई को लेकर अंतरराष्ट्रीय स्तर पर तीखी प्रतिक्रियाएं सामने आ रही हैं। संयुक्त राष्ट्र जिनेवा में भारत के पूर्व स्थायी प्रतिनिधि दिलीप सिन्हा ने इस कार्रवाई को “गिरफ्तारी नहीं बल्कि अपहरण” करार देते हुए इसे अंतरराष्ट्रीय कानून का घोर उल्लंघन बताया है। दिलीप सिन्हा ने कहा, “यह तकनीकी रूप से गिरफ्तारी नहीं है, बल्कि अपहरण है। अमेरिका का वेनेजुएला में कोई अधिकार क्षेत्र नहीं है। किसी संप्रभु देश के राष्ट्राध्यक्ष को उठा कर अमेरिका ले जाना अंतर्राष्ट्रीय कानून का खुला उल्लंघन है।” उन्होंने आरोप लगाया कि अमेरिका की इस कार्रवाई के पीछे असली मकसद वेनेजुएला के विशाल तेल भंडार पर नियंत्रण हासिल करना है।
सिन्हा ने कहा,“अमेरिका ने नार्को-टेररिज़्म को बहाना बनाया है, जबकि लैटिन अमेरिका के कई अन्य देश कोकीन तस्करी में ज्यादा बदनाम रहे हैं। वेनेजुएला को लेकर ऐसे आरोप अपेक्षाकृत कम रहे हैं।” उन्होंने यह भी कहा कि राष्ट्रपति निकोलस मादुरो पहले ही अमेरिका को सहयोग और बातचीत का प्रस्ताव दे चुके थे। “ऐसे में ट्रंप प्रशासन द्वारा मादुरो का अपहरण करना बेहद अजीब और आक्रामक कदम है।” भारत की प्रतिक्रिया पर बोलते हुए दिलीप सिन्हा ने कहा कि भारत की चुप्पी उसकी पारंपरिक विदेश नीति के अनुरूप है। उन्होंने कहा,“बड़ी शक्तियों द्वारा अंतरराष्ट्रीय कानून के उल्लंघन पर भारत आमतौर पर संयम बरतता है।
यह उसकी दीर्घकालिक नीति रही है।” भारत पर इसके प्रभाव को लेकर उन्होंने कहा कि वेनेजुएला के साथ भारत के व्यापारिक संबंध सीमित हैं, इसलिए सीधा असर कम होगा, लेकिन “एक महाशक्ति द्वारा इतनी बेधड़क तरीके से अंतरराष्ट्रीय कानून तोड़ना पूरी वैश्विक व्यवस्था के लिए गंभीर खतरे की घंटी है।” उन्होंने चेतावनी दी कि आज की दुनिया में अमेरिका, चीन और रूस तीनों महाशक्तियां अत्यधिक आक्रामक व्यवहार कर रही हैं, जिससे वैश्विक संतुलन खतरे में पड़ गया है। गौरतलब है कि शनिवार को अमेरिका ने वेनेजुएला में बड़े पैमाने पर सैन्य कार्रवाई की थी, जिसमें राष्ट्रपति निकोलस मादुरो और उनकी पत्नी सिलिया फ्लोरेस को गिरफ्तार कर देश से बाहर ले जाया गया। अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप ने दावा किया कि मादुरो और उनकी पत्नी पर न्यूयॉर्क की अदालत में ड्रग तस्करी और नार्को-आतंकवाद से जुड़े आरोप तय किए गए हैं और उन्हें मुकदमे का सामना करना होगा।
