ट्रंप का महाप्रहार: धुआं-धुआं हुआ ईरान का ''खर्ग आइलैंड'', मिसाइलों की बारिश का खौफनाक VIDEO आया सामने!
punjabkesari.in Saturday, Mar 14, 2026 - 09:01 AM (IST)
Kharg Island: मिडिल ईस्ट में तनाव अब एक ऐसे मोड़ पर पहुंच गया है जहां से वापसी की राह नजर नहीं आ रही। अमेरिका ने ईरान की सबसे संवेदनशील नस यानी 'खर्ग आइलैंड' पर भीषण बमबारी करके दुनिया को चौंका दिया है। राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप ने इस हमले का एक सनसनीखेज वीडियो साझा करते हुए दावा किया है कि अमेरिकी सेना ने द्वीप पर मौजूद तमाम ईरानी सैन्य अड्डों को पूरी तरह जमींदोज कर दिया है। यह हमला इसलिए भी ऐतिहासिक माना जा रहा है क्योंकि बीते दशकों में कई अमेरिकी राष्ट्रपतियों ने इस द्वीप को छूने तक की हिम्मत नहीं की थी, लेकिन ट्रंप ने सीधे वार कर अपनी रणनीतिक आक्रामकता साफ कर दी है।
दिलचस्प बात यह है कि ट्रंप ने एक सधा हुआ दांव खेला है। उन्होंने स्पष्ट किया कि मानवीय और नैतिक आधार पर उन्होंने फिलहाल ईरान के तेल के बुनियादी ढांचे (Oil Infrastructure) को निशाना नहीं बनाया है, बल्कि सिर्फ मिलिट्री पोस्ट्स को तबाह किया है। हालांकि, उनकी यह 'शालीनता' एक बड़ी चेतावनी के साथ आई है। ट्रंप ने दो टूक शब्दों में कहा है कि अगर ईरान ने होर्मुज जलडमरूमध्य (Strait of Hormuz) में जहाजों का रास्ता रोकने की कोशिश की, तो वे तेल के कुओं को राख बनाने में देर नहीं लगाएंगे। करीब सवा मिनट के इस हमले के वीडियो में आसमान से गिरती मिसाइलें और चारों तरफ उठता धुआं युद्ध की विभीषिका को साफ बयां कर रहा है।
JUST IN: 🇺🇸🇮🇷 President Trump publishes video of the US military bombing Iran's Kharg Island. pic.twitter.com/Fnt1eH7JVm
— BRICS News (@BRICSinfo) March 14, 2026
ईरान के लिए यह हमला एक बड़ी आर्थिक और सामरिक चोट है। खर्ग आइलैंड वह जगह है जहां ईरान के बड़े तेल क्षेत्रों से पाइपलाइन के जरिए कच्चा तेल पहुंचता है और यहीं से दुनिया को सप्लाई किया जाता है। हाल ही में ईरान ने यहां से रिकॉर्ड तोड़ तेल निर्यात शुरू किया था, जो सामान्य से तीन गुना ज्यादा था, लेकिन अमेरिका की इस कार्रवाई ने ईरान के इरादों पर पानी फेर दिया है। जिमी कार्टर से लेकर रोनाल्ड रीगन तक, जिस रेड लाइन को किसी ने पार नहीं किया था, आज अमेरिका ने उसे पार कर ईरान को सीधे सरेंडर या बर्बादी के विकल्प के बीच खड़ा कर दिया है। अब पूरी दुनिया की नजरें ईरान के अगले कदम पर टिकी हैं कि क्या वह पीछे हटेगा या खाड़ी में बारूद की आग और भड़केगी।
