प्रयागराज: यमुना की धारा में अवैध खनन पर प्रशासन का चला हथौड़ा, एक कंपनी पर लगा 25 लाख का जुर्माना
punjabkesari.in Thursday, Apr 16, 2026 - 10:47 AM (IST)
नेशनल डेस्क। उत्तर प्रदेश के संगम नगरी प्रयागराज में अवैध खनन माफियाओं के खिलाफ प्रशासन ने अब तक की सबसे बड़ी कार्रवाई की है। बुधवार की रात लालापुर क्षेत्र में खनन विभाग और पुलिस की संयुक्त टीम ने छापेमारी कर भारी अनियमितताएं पकड़ीं। इस कार्रवाई में जहां एक फर्म पर लाखों का जुर्माना ठोका गया वहीं दूसरी फर्म का लाइसेंस छीन लिया गया। साथ ही चार एफआईआर दर्ज कराई गई हैं।
खनन विभाग के अधिकारियों के अनुसार लालापुर क्षेत्र में लगातार अवैध खनन और लाइसेंसधारकों द्वारा नियमों के उल्लंघन की शिकायतें मिल रही थीं। इसी के आधार पर खनन निरीक्षक वैभव सोनी के नेतृत्व में टीम ने विभिन्न खनन क्षेत्रों में छापेमारी की। कारर्वाई के दौरान एसडीएम बारा, सीओ बारा और थाना लालापुर पुलिस भी मौजूद रही।
जांच में पट्टा खंड संख्या-6, जो तारा एंटरप्राइजेज के नाम पर था, में पट्टा क्षेत्र से बाहर खनन होते पाया गया। साथ ही यमुना नदी की जलधारा के भीतर भी खनन के साक्ष्य मिले। इस पर संबंधित फर्म पर लगभग 25 लाख रुपये का जुर्माना लगाया गया। वहीं पट्टा खंड संख्या-4, जो सहारा एग्री (रमेश निल्लुरी) के नाम पर था में भी अवैध खनन सामने आया। इसके अलावा किस्त की धनराशि जमा न करने पर उसका पट्टा निरस्त करने की प्रक्रिया शुरू कर दी गई है।
प्रशासन ने अवैध खनन में इस्तेमाल हो रहे रास्तों पर भी कारर्वाई की। ग्राम पंडुआ, प्रतापपुर, भिलौरे, नौढि़या तरहार, मझियारी और मानपुर में यमुना नदी की ओर बनाए गए अवैध मार्गों को जेसीबी से खुदवाकर बंद कराया गया। नदी किनारे डंप लाखों घनमीटर बालू को भी दोबारा यमुना नदी में डलवाया गया।
अभियान के दौरान कई नामजद और अज्ञात व्यक्तियों के खिलाफ थाना लालापुर में चार एफआईआर दर्ज की गई हैं। खनन निरीक्षक वैभव सोनी ने कहा कि अवैध और अनियमित खनन के खिलाफ अभियान आगे भी जारी रहेगा तथा नियमों का उल्लंघन करने वालों के खिलाफ सख्त कारर्वाई की जाएगी।
