PMC चुनाव: वार्ड 3 में महिला वोट बैंक पर फोकस, ऐश्वर्या पठारे ने उतारा महिला-केंद्रित घोषणापत्र
punjabkesari.in Sunday, Jan 11, 2026 - 04:40 PM (IST)
नेशनल डेस्क : पुणे महानगरपालिका (PMC) चुनाव जैसे-जैसे निर्णायक चरण में पहुँच रहे हैं, पूर्वी पुणे के वार्ड क्रमांक 3 में चुनावी गतिविधियाँ तेज़ हो गई हैं। इसी बीच भारतीय जनता पार्टी (बीजेपी) की उम्मीदवार ऐश्वर्या सुरेंद्र पठारे ने महिलाओं के कल्याण और सशक्तिकरण को केंद्र में रखते हुए एक विशेष महिला-केंद्रित घोषणापत्र जारी किया है। इस घोषणापत्र के माध्यम से उन्होंने वार्ड 3 में महिला वोट बैंक पर स्पष्ट फोकस करते हुए अपने चुनावी एजेंडे को सामने रखा है।
यह महिला घोषणापत्र चार प्रमुख स्तंभों पर आधारित है—महिलाओं का स्वास्थ्य, महिलाओं की सुरक्षा, महिलाओं का कौशल विकास और महिलाओं का सशक्तिकरण। घोषणापत्र को विशेष रूप से पूर्वी पुणे के लोहेगांव और वाघोली क्षेत्रों में रहने वाली महिलाओं की ज़मीनी समस्याओं और आवश्यकताओं को ध्यान में रखकर तैयार किया गया है।
घोषणापत्र जारी करते हुए ऐश्वर्या पठारे ने कहा कि उनका उद्देश्य महिलाओं को केवल विकास योजनाओं का लाभार्थी बनाना नहीं, बल्कि उन्हें विकास की प्रक्रिया का सक्रिय भागीदार बनाना है। उन्होंने कहा, “चुनाव जीतने के बाद महिलाओं के लिए स्वास्थ्य सुविधाओं को मज़बूत करना, सुरक्षा व्यवस्था में सुधार लाना, कौशल आधारित प्रशिक्षण उपलब्ध कराना और उन्हें आर्थिक व सामाजिक रूप से सशक्त बनाना मेरी प्राथमिकता होगी।”

पठारे ने यह भी स्पष्ट किया कि यह घोषणापत्र केवल काग़ज़ी वादों तक सीमित नहीं रहेगा। उन्होंने कहा, “वाघोली और लोहेगांव में हमारी टीमें घर-घर जाकर यह सुनिश्चित करेंगी कि घोषणापत्र में शामिल योजनाएँ वास्तव में ज़मीन पर लागू हों और महिलाओं तक उनका सीधा लाभ पहुँचे।”
इंजीनियरिंग और आईटी पृष्ठभूमि से आने वाली ऐश्वर्या पठारे ने अपने अभियान को मुख्यमंत्री देवेंद्र फडणवीस की ‘100 दिन, 100 काम’ पहल से भी जोड़ा है। उन्होंने भरोसा दिलाया कि चुनाव जीतने के बाद 100 दिनों के भीतर 100 विकास कार्य पूरे किए जाएंगे। “मैं केवल एक नगरसेविका के रूप में नहीं, बल्कि वार्ड क्रमांक 3 के लिए एक प्रोजेक्ट मैनेजर की तरह काम करूंगी, जहाँ समयबद्ध और परिणामोन्मुखी शासन को प्राथमिकता दी जाएगी,” उन्होंने कहा।
पूर्वी पुणे के येरवड़ा, वाघोली, लोहेगांव, चंदन नगर और खराड़ी जैसे इलाके तेज़ी से शहरीकरण की ओर बढ़ रहे हैं। पठारे का कहना है कि महिला घोषणापत्र का मक़सद यह सुनिश्चित करना है कि इस तेज़ विकास का लाभ महिलाओं तक समान रूप से पहुँचे और वे आत्मनिर्भर बन सकें।
महिला-केंद्रित घोषणापत्र के जारी होने से वार्ड क्रमांक 3 में चुनावी मुकाबला और अधिक रोचक हो गया है। अब यह देखना दिलचस्प होगा कि महिला मतदाता इस पहल को किस रूप में स्वीकार करती हैं और PMC में अपना प्रतिनिधि किसे चुनती हैं।
