जयपुर में बड़ी कार्रवाई: अमूल के 1.5 लाख किलो एक्सपायर्ड प्रोडक्ट्स हुए जब्त
punjabkesari.in Thursday, Mar 19, 2026 - 03:36 PM (IST)
नेशनल डेस्क: राजस्थान के खाद्य सुरक्षा विभाग ने अवैध तरीके से बेचे जा रहे खाद्य पदार्थों के खिलाफ बड़ी कार्रवाई करते हुए जयपुर में करीब 1.5 लाख किलोग्राम एक्सपायर्ड नॉन-डेयरी उत्पादों को नष्ट कर दिया। आरोप है कि इन उत्पादों की एक्सपायरी डेट मिटाकर उन पर नई तारीख लगाई जा रही थी, ताकि उन्हें दोबारा बाजार में बेचा जा सके।
शिकायत के बाद शुरू हुई जांच
यह पूरा मामला एक शिकायत से सामने आया। चिकित्सा, स्वास्थ्य और परिवार कल्याण विभाग की प्रमुख सचिव गायत्री राठौर के अनुसार, 181 हेल्पलाइन पर सूचना मिली थी कि जयपुर के खो नागोरियन इलाके में एक गोदाम में एक्सपायर्ड खाद्य सामग्री को दोबारा बेचने की तैयारी की जा रही है। शिकायत के बाद विभाग ने तुरंत कार्रवाई करते हुए जांच टीम को मौके पर भेजा।
गोदाम में मिला भारी मात्रा में सामान
जांच के दौरान अधिकारियों को एक बड़े गोदाम में हजारों कार्टन में पैक खाद्य सामग्री मिली। इनमें नूडल्स, केचअप, मायोनीज़ और एनर्जी ड्रिंक्स जैसे कई नॉन-डेयरी प्रोडक्ट्स शामिल थे। ये सभी उत्पाद अमूल ब्रांड के बताए जा रहे हैं।
एक्सपायरी डेट बदलने का खेल
अधिकारियों के मुताबिक, करीब 12,000 कार्टन एक्सपायर्ड पाए गए। इनमें से लगभग 3,000 कार्टन पर लगी एक्सपायरी डेट को मिटाने की कोशिश की गई थी। गोदाम में जांच के दौरान थिनर, एसीटोन और अन्य केमिकल्स भी बरामद किए गए, जिनका इस्तेमाल कथित तौर पर पैकेट्स से पुरानी तारीख हटाने के लिए किया जा रहा था। इसके बाद इन उत्पादों पर नई तारीख छापकर उन्हें बाजार में बेचने की योजना थी।
सस्ते में खरीद, महंगे में बेचने की तैयारी
पूछताछ में सामने आया कि कारोबारी एक्सपायरी के करीब पहुंच चुके या खत्म हो चुके उत्पादों को बेहद कम कीमत पर खरीदता था। इसके बाद उन पर नई तारीख लगाकर उन्हें मुनाफे के साथ बेचने की तैयारी की जाती थी।
चार दिन चली कार्रवाई, 27 ट्रकों में भरकर नष्ट किया सामान
जब्त की गई सामग्री इतनी अधिक थी कि उसे हटाने और नष्ट करने में करीब चार दिन लग गए। अधिकारियों ने 27 ट्रकों में भरकर इस सामान को कचरा डंपिंग साइट तक पहुंचाया, जहां इसे पूरी तरह नष्ट कर दिया गया।
बिना लाइसेंस चल रहा था कारोबार
जांच में यह भी सामने आया कि संबंधित फर्म का फूड लाइसेंस पहले ही खत्म हो चुका था। स्थानीय लोगों ने भी बताया कि गोदाम में गतिविधियां संदिग्ध थीं और आम लोगों को अंदर जाने की अनुमति नहीं दी जाती थी।
आगे की कार्रवाई जारी
खाद्य सुरक्षा विभाग ने इस मामले में संबंधित फर्म और अन्य जुड़ी कंपनियों को नोटिस जारी करने की प्रक्रिया शुरू कर दी है। साथ ही, फूड सेफ्टी कानून के तहत केस दर्ज करने की तैयारी भी की जा रही है। फिलहाल गोदाम को सील कर दिया गया है और फर्म के खाद्य कारोबार पर रोक लगा दी गई है। अधिकारियों का कहना है कि इस तरह के मामलों में सख्त कार्रवाई जारी रहेगी, ताकि लोगों के स्वास्थ्य के साथ खिलवाड़ न हो सके।
