''मैं हर मजदूर के साथ खड़ा हूँ''- नोएडा श्रमिक आंदोलन को मिला राहुल गांधी का समर्थन
punjabkesari.in Tuesday, Apr 14, 2026 - 01:11 PM (IST)
नेशनल डेस्क: नोएडा में श्रमिक आंदोलन को कांग्रेस नेता राहुल गांधी का साथ मिला है। उन्होंने इस आंदोलन को देश के मजदूरों की बदहाली और आर्थिक संकट का प्रतिबिंब बताया। गौरतलब है कि सोमवार को यह प्रदर्शन उस समय हिंसक हो गया था जब पुलिस के साथ झड़प के बाद पथराव हुआ और वाहनों में आग लगा दी गई।
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कल नोएडा की सड़कों पर जो हुआ, वो इस देश के श्रमिकों की आख़िरी चीख़ थी - जिसकी हर आवाज़ को अनसुना किया गया, जो मांगते-मांगते थक गया।
— Rahul Gandhi (@RahulGandhi) April 14, 2026
नोएडा में काम करने वाले एक मज़दूर की ₹12,000 महीने की तनख्वाह,₹4,000-7,000 किराया। जब तक ₹300 की सालाना बढ़ोतरी मिलती है, मकान मालिक ₹500…
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राहुल गांधी का बयान
इस आंदोलन पर राहुल गांधी ने अपना बयान देते हुए एक्स पर लिखा कि नोएडा में एक मजदूर ₹12,000 कमाता है, जबकि मकान किराया ही ₹4,000 से ₹7,000 के बीच है। सालाना ₹300 की मामूली वेतन वृद्धि के मुकाबले मकान मालिक किराया ₹500 बढ़ा देते हैं। उन्होंने तंज कसते हुए कहा कि जब तक वेतन बढ़ता है, तब तक बेतहाशा महंगाई मजदूर का दम घोंट देती है और उसे कर्ज में डुबो देती है। यही आज के "विकसित भारत" का असली चेहरा है। राहुल ने कहा कि पश्चिम एशिया में युद्ध के कारण ईंधन की कीमतें बढ़ी हैं और सप्लाई चेन टूटी है, लेकिन इसका बोझ मोदी जी के 'मित्र' उद्योगपतियों पर नहीं, बल्कि आम जनता और मजदूरों पर पड़ा है। उन्होंने नवंबर 2025 से लागू होने वाले 4 लेबर कोड की आलोचना करते हुए कहा कि बिना मशविरे के काम के घंटों को बढ़ाकर 12 घंटे कर दिया गया है। 12-12 घंटे काम करने के बाद भी मजदूर को बच्चों की फीस के लिए कर्ज लेना पड़ रहा है। राहुल गांधी ने नोएडा के श्रमिकों की ₹20,000 न्यूनतम मजदूरी की मांग को जायज ठहराते हुए कहा कि यह लालच नहीं, उनका अधिकार है।
