महाराष्ट्र की सियासत में हलचल! अचानक दिल्ली पहुंचे एकनाथ शिंदे, अमित शाह और बीजेपी नेतृत्व से करेंगे अहम मुलाकात
punjabkesari.in Monday, Mar 16, 2026 - 06:43 PM (IST)
नेशनल डेस्क: महाराष्ट्र की राजनीति में एक बार फिर हलचल तेज हो गई है। राज्य के उपमुख्यमंत्री Eknath Shinde अचानक दिल्ली पहुंच गए हैं, जहां उनकी मुलाकात भाजपा के शीर्ष नेताओं से होने वाली है। जानकारी के अनुसार, वे भाजपा के राष्ट्रीय अध्यक्ष J. P. Nadda और केंद्रीय गृह मंत्री Amit Shah से अहम बातचीत करेंगे। सूत्रों का कहना है कि यह दौरा हाल ही में हुए जिला परिषद चुनावों के बाद गठबंधन के भीतर पैदा हुए असंतोष और समन्वय से जुड़े मुद्दों पर चर्चा के लिए किया गया है।
जिला परिषद चुनाव के बाद बढ़ी नाराजगी
हाल में संपन्न जिला परिषद चुनावों में Bharatiya Janata Party कई क्षेत्रों में मजबूत प्रदर्शन करते हुए सबसे बड़ी पार्टी के रूप में उभरी। वहीं Shiv Sena (Eknath Shinde faction) को भी कुछ जिलों में सफलता मिली, लेकिन कई जगहों पर सत्ता गठन में उसे अपेक्षित हिस्सेदारी नहीं मिल पाई। इसी वजह से पार्टी के स्थानीय नेताओं और कार्यकर्ताओं के बीच नाराजगी की खबरें सामने आ रही हैं।
कुछ इलाकों में सत्ता से दूर रहने की शिकायत
बताया जा रहा है कि कुछ जिलों में गठबंधन होने के बावजूद सत्ता में भागीदारी को लेकर मतभेद सामने आए हैं। उदाहरण के तौर पर: Raigad में पर्याप्त समर्थन होने के बावजूद शिवसेना को समझौते की स्थिति में आना पड़ा। Phaltan जैसे इलाकों में भी सत्ता से बाहर रखे जाने को लेकर कार्यकर्ताओं ने नाराजगी जताई। इन घटनाओं के बाद पार्टी के अंदर असमंजस की स्थिति बन गई है और शिंदे का दिल्ली दौरा इसी संदर्भ में अहम माना जा रहा है।
पहले भी सामने आ चुकी हैं गठबंधन की चुनौतियां
इससे पहले नगर परिषद और नगर पंचायत चुनावों के दौरान भी दोनों दलों के बीच तालमेल को लेकर सवाल उठे थे। उस समय Bharatiya Janata Party में कुछ नेताओं के शामिल होने से Shiv Sena (Eknath Shinde faction) को झटका लगा था।
इसके बाद शिंदे ने दिल्ली में भाजपा नेतृत्व से मुलाकात की थी और कुछ अहम फैसले लिए गए थे, जिनमें नगर निगम चुनावों में कई जगहों पर मिलकर चुनाव लड़ने का फैसला। एक-दूसरे के नेताओं को अपनी पार्टी में शामिल न करने की सहमति। इन फैसलों के बाद नगरपालिका चुनावों में दोनों दलों को कई स्थानों पर अच्छा प्रदर्शन करने का मौका मिला।
महायुति गठबंधन को मजबूत करने पर होगी चर्चा
अब जिला परिषद चुनावों के बाद फिर से सत्ता में हिस्सेदारी को लेकर सवाल उठने लगे हैं। ऐसे में माना जा रहा है कि शिंदे की दिल्ली यात्रा का मकसद गठबंधन के भीतर समन्वय बेहतर करना और आने वाले चुनावों की रणनीति पर चर्चा करना है। हालांकि इस बैठक में क्या निर्णय होगा, इसे लेकर अभी तक कोई आधिकारिक जानकारी सामने नहीं आई है। लेकिन राजनीतिक गलियारों में इस मुलाकात को महाराष्ट्र की राजनीति के लिए काफी अहम माना जा रहा है।
