अमित शाह का बड़ा बयान- 31 मार्च की डेडलाइन से पहले देश में खत्म हुआ नक्सलवाद

punjabkesari.in Tuesday, May 19, 2026 - 05:48 PM (IST)

नेशनल डेस्क: केंद्रीय गृह मंत्री अमित शाह ने मंगलवार को कहा कि सुरक्षा बलों की वीरता, साहस और सर्वोच्च बलिदान के कारण 31 मार्च की समय सीमा से पहले ही देश से नक्सलवाद पूरी तरह से समाप्त हो गया। यहां एक संवाददाता सम्मेलन को संबोधित करते हुए शाह ने कहा कि "नक्सल मुक्त भारत अभियान" में कुछ तारीखों का ऐतिहासिक महत्व है - 13 दिसंबर, 2023, जब छत्तीसगढ़ में भाजपा सरकार ने शपथ ली, तब नक्सलवाद के पूर्ण उन्मूलन के लिए दृढ़ अभियान शुरू हुआ। शाह ने कहा कि 24 अगस्त, 2024 को सभी राज्यों के पुलिस महानिदेशकों (डीजी) की एक बैठक बुलाई गई थी, जिसमें 31 मार्च, 2026 तक देश को नक्सल मुक्त बनाने का संकल्प लिया गया था।

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शाह ने संवाददाताओं को बताया, "तीसरी तारीख, जिसके बारे में आप सभी जानते हैं - 31 मार्च 2026 (देश से नक्सलवाद को खत्म करने के लिए केंद्र द्वारा निर्धारित समय सीमा)। सुरक्षा बलों के शौर्य, साहस और सर्वोच्च बलिदान के कारण, निर्धारित समय सीमा से पहले ही देश से नक्सलवाद का पूर्णतः उन्मूलन हो चुका है।" गृह मंत्री ने कहा कि वह बिना किसी झिझक के यह कह सकते हैं कि विभिन्न राज्यों में कई गैर-भाजपा सरकारों ने नक्सलवाद को खत्म करने की केंद्र सरकार की योजनाओं में मदद की है, लेकिन छत्तीसगढ़ में पिछली कांग्रेस सरकार ने कोई मदद नहीं की। उन्होंने कहा, "दिसंबर 2023 के बाद, जब छत्तीसगढ़ में भाजपा सरकार बनी, तभी हम बस्तर में नक्सलवाद को खत्म कर सके।"

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मंत्री ने कहा कि कुछ बुद्धिजीवी वर्षों से यह तर्क देते आ रहे हैं कि "इन क्षेत्रों में विकास न हो पाने के कारण नक्सलवाद फला-फूला"। उन्होंने कहा, "लेकिन सच्चाई इसके बिल्कुल विपरीत है... विकास इन क्षेत्रों तक इसलिए नहीं पहुंच पाया क्योंकि वहां नक्सलवाद मौजूद था।" शाह ने कहा कि देश में ऐसे कई क्षेत्र हैं जो नक्सल प्रभावित क्षेत्रों से भी अधिक पिछड़े हैं, लेकिन वहां नक्सलवाद नहीं है। उन्होंने कहा, "इसलिए, वे क्षेत्र धीरे-धीरे विकास के पथ पर अग्रसर हुए। दूसरी ओर, हिंसा और भय के कारण हमारा बस्तर और अन्य नक्सल प्रभावित क्षेत्र विकास से वंचित रह गए।" शाह ने जोर देकर कहा कि वर्तमान स्थिति यह है कि 19 मई, 2026 तक, जो क्षेत्र कभी नक्सलवाद की गिरफ्त में थे, वहां व्यापक विकास की एक नई दृष्टि आकार लेती नजर आएगी। 


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News Editor

Radhika