सावन शिवरात्रि पर CM रेखा गुप्ता ने किया रुद्राभिषेक, तिरंगा यात्रा में हुईं शामिल, दिया ये संदेश
punjabkesari.in Tuesday, Aug 11, 2026 - 05:31 PM (IST)
नई दिल्ली: दिल्ली की मुख्यमंत्री रेखा गुप्ता ने सावन शिवरात्रि के पावन अवसर पर परिवार के साथ भगवान शिव की पूजा-अर्चना की और विधि-विधान से रुद्राभिषेक किया। इस दौरान उन्होंने देश और दिल्लीवासियों की सुख-शांति, समृद्धि एवं कल्याण की कामना की। पूजा-अर्चना के बाद मुख्यमंत्री दिल्ली विधानसभा परिसर में आयोजित तिरंगा यात्रा में शामिल हुईं।
परिवार के साथ किया रुद्राभिषेक
सावन शिवरात्रि के अवसर पर रेखा गुप्ता ने अपने परिवार के सदस्यों के साथ भगवान शिव की विधिवत पूजा की। पारंपरिक रीति-रिवाजों के साथ रुद्राभिषेक संपन्न किया गया। इस दौरान उन्होंने देशवासियों की खुशहाली और दिल्ली के विकास की कामना की।
विधानसभा परिसर में निकली तिरंगा यात्रा
पूजा-अर्चना के बाद मुख्यमंत्री रेखा गुप्ता दिल्ली विधानसभा परिसर में आयोजित तिरंगा यात्रा में शामिल हुईं। उनके साथ विधानसभा अध्यक्ष, कैबिनेट सहयोगी और विधायक भी मौजूद रहे। सभी ने हाथों में राष्ट्रीय ध्वज लेकर तिरंगा यात्रा में हिस्सा लिया। मुख्यमंत्री ने सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म 'एक्स' पर तिरंगा यात्रा की तस्वीरें साझा करते हुए राष्ट्रीय ध्वज के महत्व और 'हर घर तिरंगा' अभियान को लेकर अपने विचार रखे।
केसरिया हमारे शौर्य और त्याग का तेज है। श्वेत सत्य और शांति का संस्कार है।
— Rekha Gupta (@gupta_rekha) August 11, 2026
हरा समृद्धि और जीवंतता का प्रतीक है।
और अशोक चक्र राष्ट्र की अनवरत गति और कर्तव्य का संकल्प।
आज दिल्ली विधानसभा परिसर में विधानसभा अध्यक्ष, मंत्रिमंडल के साथियों और विधायकगण के साथ तिरंगा यात्रा में… pic.twitter.com/Jysk8BIY0Q
तिरंगे के रंगों का बताया महत्व
रेखा गुप्ता ने कहा कि तिरंगा केवल राष्ट्रीय ध्वज नहीं, बल्कि देश की पहचान, गौरव और सम्मान का प्रतीक है। उन्होंने तिरंगे के तीनों रंगों और अशोक चक्र के महत्व का भी उल्लेख किया। उनके मुताबिक, केसरिया रंग शौर्य और बलिदान, सफेद रंग सत्य और शांति, जबकि हरा रंग समृद्धि और जीवंतता का प्रतीक है। अशोक चक्र भारत की निरंतर प्रगति और कर्तव्य के प्रति संकल्प का संदेश देता है।
तिरंगा लोकतंत्र की जीती-जागती धड़कन है
उन्होंने आगे कहा, "तिरंगा सिर्फ हमारा राष्ट्रीय ध्वज नहीं है; यह हमारे लोकतंत्र की जीती-जागती धड़कन है और हर भारतीय को हमारे संविधान के आदर्शों से जोड़ने वाला पवित्र धागा है।" स्पीकर विजेंद्र गुप्ता ने कहा कि 'राष्ट्रपिता' (महात्मा गांधी) की मूर्ति से भारतीय संविधान के मुख्य आर्किटेक्ट (बी.आर. अंबेडकर) तक मार्च करने का सिंबॉलिक महत्व यह है कि असेंबली ग्राउंड के अंदर यह रास्ता भारत की आज़ादी से लेकर कॉन्स्टिट्यूशनल गवर्नेंस तक के सफ़र को दिखाता है, और उन वैल्यूज़ को मज़बूत करता है जो राज्य के डेमोक्रेटिक इंस्टीट्यूशन्स को गाइड करते हैं। उन्होंने कहा कि नेशनल कैपिटल में डेमोक्रेसी के मंदिर के तौर पर, असेंबली की सभी नागरिकों के लिए न्याय, आज़ादी, बराबरी और भाईचारे को बढ़ावा देने की एक गंभीर ज़िम्मेदारी है।
तिरंगा 140 करोड़ भारतीयों की एकता का प्रतीक
चीफ़ मिनिस्टर रेखा गुप्ता ने कहा कि तिरंगा सिर्फ़ नेशनल फ़्लैग नहीं है, बल्कि हमारी सभ्यता के गौरव, हमारे आज़ादी के दीवानों की मेहनत और कुर्बानी की याद और 140 करोड़ भारतीयों की एकता का प्रतीक है। उन्होंने कहा कि यह हमें उन अनगिनत हीरो की कुर्बानी की याद दिलाता है जिनके संघर्ष और समर्पण ने देश को आज़ादी दिलाई। मुख्यमंत्री रेखा गुप्ता ने कहा कि आजादी के इस बड़े त्योहार पर सिर्फ तिरंगा फहराना ही जरूरी नहीं है, बल्कि अपने शहर और समाज के प्रति अपनी ज़िम्मेदारियों को पूरा करने का वादा भी करना चाहिए।
उन्होंने कहा, "जैसे हमारे देश के लोगों ने आज़ादी पाने के लिए एक साथ लड़ाई लड़ी, वैसे ही अब हर नागरिक को उसी भावना से दिल्ली को साफ़, सुंदर और हरा-भरा बनाने में योगदान देना चाहिए। उन्होंने ज़ोर देकर कहा कि तिरंगे से जुड़ना सिर्फ़ राष्ट्रीय झंडे का सम्मान करने के बारे में नहीं है, बल्कि हमारे कर्तव्यों, ज़िम्मेदारियों और देश की एकता के प्रति हमारे इरादे को मज़बूत करने के बारे में भी है। इस मौके पर दिल्ली के मंत्री परवेश साहिब सिंह, आशीष सूद, मनजिंदर सिंह सिरसा, पंकज कुमार सिंह, रविंदर इंद्राज सिंह और चीफ़ व्हिप अभय वर्मा भी मौजूद थे।
