भाभा परमाणु केंद्र के वैज्ञानिक ने तेल रिसाव से निपटने के लिए अत्यधिक अवशोषी सूत विकसित किया

2021-07-23T17:31:14.553

मुंबई, 23 जुलाई (भाषा) परमाणु अनुसंधान संस्थान बीएआरसी ने शुक्रवार को कहा कि उसने एक अत्यधिक अवशोषी सूत विकसित किया है, जिससे पानी की सतह पर फैले तेल के रिसाव से निपटने में मदद मिलेगी।

एक आधिकारिक बयान में कहा गया कि कपास एक बेहतरीन सुपर-हाइड्रोफोबिक या पानी को नापसंद करने वाला और सुपर-ऑयलियोफिलिक या तेल को पसंद करने वाला है, और इसे विकिरण प्रौद्योगिकी का उपयोग करके विकसित किया गया है।

भाभा परमाणु शोध केंद्र (बीएआरसी) के निदेशक ए के मोहंती ने कहा, ‘‘इस समय ऐसा कोई अवशोषक उपलब्ध नहीं है जो पानी की सतह और तलछट (पानी के नीचे) से तेल को एक साथ अवशोषित सके।’’
उन्होंने कहा कि अत्यधिक अवशोषी सूत को बीएआरसी के आइसोटोप और रेडिएशन अनुप्रयोग प्रभाग में काम करने वाले वैज्ञानिक सुधेंदु रे चौधरी ने विकसित किया है।
इस नवाचार को 2019 में केंद्रीय रसायन और उर्वरक मंत्रालय से पहले ही राष्ट्रीय पुरस्कार मिल चुका है।



यह आर्टिकल पंजाब केसरी टीम द्वारा संपादित नहीं है, इसे एजेंसी फीड से ऑटो-अपलोड किया गया है।

सबसे ज्यादा पढ़े गए

PTI News Agency

Recommended News